
अजित पवार को लेकर संजय राउत का प्रेम ‘पुतना मावशी’ जैसा, शोक में राजनीति कर रहे हैं: नवनाथ बन
मुंबई, यश भारत स्वर्गीय उपमुख्यमंत्री अजित पवार के निधन के बाद संजय राउत द्वारा जताए जा रहे शोक और सवालों पर भारतीय जनता पार्टी ने तीखी प्रतिक्रिया दी है। भाजपा के मीडिया विभाग प्रमुख नवनाथ बन ने कहा कि अजित पवार को लेकर संजय राउत का प्रेम ‘पुतना मावशी’ जैसा है और वे शोक की घड़ी में भी राजनीतिक रोटियां सेंकने का प्रयास कर रहे हैं।
नवनाथ बन ने कहा कि महाराष्ट्र जब शोक में डूबा हुआ था, तब संजय राउत ने घटिया बयान देकर स्वर्गीय अजित पवार का अपमान किया, जिसे पूरे महाराष्ट्र ने देखा है। उन्होंने राउत को नसीहत दी कि वे दुख की घड़ी में राजनीति न करें।
अजित पवार के निधन के तुरंत बाद उपमुख्यमंत्री पद के शपथविधि को लेकर सवाल उठाने पर नवनाथ बन ने कहा कि राउत को इस मामले में नाक घुसाने की जरूरत नहीं है। संवैधानिक पद पर बैठे व्यक्ति के निधन के बाद उस पद पर अगली नियुक्ति एक सामान्य और आवश्यक प्रक्रिया होती है। उन्होंने इंदिरा गांधी, जयललिता और मनोहर पर्रिकर के निधन के बाद तुरंत उत्तराधिकारी के शपथविधि का उदाहरण भी दिया।
नवनाथ बन ने कहा कि परिस्थितियों के अनुसार पार्टी हित में कठिन निर्णय लेने पड़ते हैं। अजित पवार के निधन के बाद राष्ट्रवादी कांग्रेस पार्टी जो भी निर्णय लेगी—चाहे वह पार्टी नेता का चयन हो या उपमुख्यमंत्री पद का—भारतीय जनता पार्टी उसका समर्थन करेगी।
उन्होंने केंद्रीय गृह मंत्री अमित शाह का नाम इस मामले में घसीटने पर भी संजय राउत पर हमला बोला और कहा कि हर निर्णय में अमित शाह का हाथ होने की बात करना राउत की “बौद्धिक दिवालियापन” को दर्शाता है।
भाजपा नेता ने आरोप लगाया कि संजय राउत को कभी भी अजित पवार से प्रेम नहीं रहा, बल्कि वे लगातार उनके खिलाफ नकारात्मक और स्तरहीन टीका-टिप्पणी करते रहे हैं। अजित पवार को मिल रहे जनसमर्थन से उद्धव ठाकरे, उबाठा गुट और संजय राउत हमेशा असहज रहते थे।
नवनाथ बन ने तंज कसते हुए कहा कि अजित पवार को जनता ने बार-बार भारी मतों से चुना, जबकि संजय राउत खुद आज तक एक भी चुनाव जीत नहीं पाए।






