दर्द, अविश्वास और खुदकुशी: डॉक्टर पर गलत ऑपरेशन का आरोप ‘जब किसी ने नहीं किया यकीन, तो चुन लिया मौत का रास्ता, सिस्टम पर सवाल!

रीवा । कुछ दिन पहले एक महिला जिनका नाम मिथलेश सिंह है। अजगहरा की रहने वाली है। उन्होंने कलेक्ट्रेट पहुंच कर संजय गांधी अस्पताल के अस्थि रोग विशेषज्ञ डॉ शुभम मिश्रा पर पैसों के लिए गलत आपरेशन करने का आरोप लगाया था। कलेक्टर से डॉक्टर के खिलाफ कार्रवाई किए जने की मांग की थी। इस महिला मरीज की शिकायत पर कोई यकीन नहीं कर रहा था। इसी बात से आहत होकर और डॉ शुभम मिश्रा के गुनाहों को बेनकाब करने के लिए उसने खुद को खत्म कर लिया। घर पर उनका शव मिला। पुलिस ने पीएम के लिए शव को संजय गांधी अस्पताल भेज दिया है। उनके बेटे के आने का इंतजार हो रहा है। अब मामले की पूरी जांच होने के बाद ही सच्चाई सामने आ सकेगी।
जिस अस्थि रोग विभाग के चिकित्सक डॉ शुभम मिश्रा पर महिला गलत आपरेशन का आरोप लगा रही थी। यह वही डॉक्टर हैं जिनका समान तिराहा पर बालाजी नाम से अस्पताल है। यह वही डाक्टर है जिनके अस्पताल में विस अध्यक्ष नरेन्द्र सिंह तोमर को लेकर डिप्टीसीएम राजेन्द्र शुक्ला गए थे। निजी अस्पताल में इनका सम्मान हुआ था। इसी डॉक्टर के गलत आपरेशन से आहत होकर महिला मरीज ने जान दे दी।
सामाजिक कार्यकर्ता जेपी कुशवाहा ने बताया कि कुछ दिन पहले ही मिथलेस सिंह उनके संपर्क में आईं थी। कलेक्टर के पास उनके साथ शिकायत करने गए थे। कलेक्टर को शिकायत पत्र भी दिए थे। कलेक्टर ने कहा था कि इलाज कराने के लिए लेकिन कोई मदद नहीं मिली। इसके बाद वह किसी के साथ हाल ही में दिल्ली मेदांता अस्पताल गईं थी। वहां भी डॉक्टरों ने इलाज करने में असमर्थता जता दी। इसी बात से आहत होकर उन्होंंने गलत कदम उठाया।
उन्होंने बताया कि वह कई महीनों से अकेले ही रह रही थी। उनका तलाक का केश चल रहा था। आर्थिक रूप से भी कमजोर थी। रुपए नहीं देने पर ही डॉ शुभम मिश्रा ने इलाज में लापरवाही की थी। इसी बात से वह आहत थी। दर्द केकारण वह 11 महीनों से सो नहीं पा रही थी। लोग उन्हें गलत और झूठा कहने लगे थे। इसी बात से वह आहत थीं







