शहरों में प्रधानमंत्री आवास के लिए अब मल्टी – आप राम तो हम लक्ष्मण, बनवास साथ चलेंगे – होइहि सोइ जो राम रचि राखा – पीछे बंधे हाथ मुंह पर पड़े ताले किससे कहें पैर का कांटा निकाल दो

शहरों में प्रधानमंत्री आवास के लिए अब मल्टी
– आप राम तो हम लक्ष्मण, बनवास साथ चलेंगे
– होइहि सोइ जो राम रचि राखा
– पीछे बंधे हाथ मुंह पर पड़े ताले किससे कहें पैर का कांटा निकाल दो
– जबलपुर का पेयजल संकट सदन में गरमाया, 26 टैंकर है नगर निगम के पास
आशीष शुक्ला, भोपाल। मप्र विधानसभा के चौथे दिन की कार्रवाई दोहा-चौपाई , राम लक्ष्मण, बंधे हाथ खुले हाथ के बीच प्रदेश की समस्याओं को लेकर गंभीर विचार-विमर्श हुआ। दोनों पक्ष प्रदेश के हित में एक दूसरे के पूरक बनते दिखे। प्रधानमंत्री आवास योजना में पट्टा को लेकर शहर में हो रही दिक्कतों से लेकर जबलपुर की पेयजल समस्या पर चर्चा के साथ भोपाल के मेट्रो ट्रेन और हाल ही में ट्रांसफार्मर के खुले डिबों से हुई मौत को लेकर साा और विपक्ष ने अपनी-अपनी बातें काफी खुलकर रखीं। विधानसभा अध्यक्ष नरेंद्र सिंह तोमर ने चर्चा में शामिल सभी सदस्यों को अपनी बात रखने का सीमित समय बाद अवसर दिया।
विधानसभा सदन में आज भोपाल शहर को लेकर विभिन्न समस्याओं पर चर्चा हुई। जिसमें मेट्रो टे्रन की सिलसिलेवार जानकारी नगरीय आवास मंत्री कैलाश विजयवर्गीय दे रहे थे। इसी वक्त कांग्रेस के वरिष्ठ नेता कमलनाथ ने अपने कार्यकाल के दौरान मेट्रो ट्रेन के लिए जो दायित्व निभाया था वह भी बताया। आज भी कमलनाथ अपनी बात रखकर सदन से चले गए। जबलपुर केंट के विधायक अशोक रोहाणी ने अपने विधानसभा के क्षेत्र में प्रधानमंत्री आवास योजना में जमीन होने के बाद भी पट्टा ना होने के कारण लोगों को इस योजना का लाभ ना मिलने की बात जब सदन में कही तो इस पर नगरीय विकासमंत्री कैलाश विजयर्गीय ने सदन को बताया कि ग्रामीणों में प्रधानमंत्री आवास के तहत पट््टा देकर मकान बनाने में ज्यादा परेशानी का सामना नहीं करना पड़ रहा है, लेकिन शहरी क्षेत्र में जमीन कम होने के कारण पट्टा देने में सरकार को काफी परेशानी का सामना करना पड़ता है साथ ही जब शहर में आधारभूत संरचना की तैयारी होती है तब ऐसे मकानों को अलग करने में दिक्कत काफी दिक्कतों का सामना करना पड़ता है और यह काफी असंभव भी लगता है। ऐसे में सरकार अब शहरी क्षेत्र में जिन लोगों के पास छत नहीं है। उनके लिए मल्टीस्टोरी बनाकर पर्याप्त व्यवस्था के साथ प्रधानमंत्री आवास देने की योजना बना रही है। इसके बाद जबलपुर पूर्व के विधायक लखन घनघोरिया ने जबलपुर की पेयजल संकट पर अपने क्षेत्र की बात करते हुए कहा कि जबलपुर में 12 वार्डों में पानी की कमी है। जिसमें से ९ वार्ड उनके विधानसभा क्षेत्र के हैं। इन क्षेत्रों में भी नर्मदा पेयजल योजना के तहत टंकियों के निर्माण की स्वीकृति हो गई है, लेकिन कार्य शुरू नहीं होने पर लोगों को पानी के लिए दिक्कतों का सामना करना पड़ रहा है। जबलपुर जैसे नगर में नगर निगम के पास सिर्फ 26 टैंकर हैं ऐसे में उन्हें 9 टैंकरों से पानी की सप्लाई करना पड़ता है। इस पर नगीय विकासमंत्री कैलाश विजयर्गीय ने पटल पर सिलसिलेवार जवाब देकर बताया कि जबलपुर की आबादी बढ़ी है। आम लोगों को पानी पहुंचाने के लिए कटीबद्ध है और उन्होंने किस मद पर कितना रुपया देकर काम कराए जा रहें है इसकी जानकारी दी। इस पर विधायक लखन घनघोरिया ने कहा कि हमें तो आप पानी दे दो। इस पर विजयवर्गीय ने कहा कि वो लखन हैं हम राम हैं। स्वस्थ्य चर्चा के बीच यह भी कहा गया कि यदि वो राम हैं तो हम लक्ष्मण हैं, वनवास साथ में ही चलेंगे पर अभी पानी की समस्या को मंत्री जी हल करा दें। इसके बाद देवरी के विधायक बृजबिहारी पटेरिया ने अपने पूछे गए सवाल के उत्तर में कहा कि आज तुलसीदास जी की जयंती है उनको नमन करते हुए मैं तो सिर्फ इतना कहा होइहि सोइ जो राम रचि राखा इस पर सदन में ठहाके गूंज गए। उन्होंने नगर पालिका निगम देवरी के अध्यक्ष और अधिकारियों द्वारा एक मामले की जांच जल्द समाप्त नहीं होने पर मंत्री से आग्रह कर कहा कि यह जल्दी हो जाएगा तो देवरी का विकास तेजी से होने लगेगा। इस पर उन्होंने कहा कि पीछे बंधे हाथ मुंह पर पड़े ताले किससे कहें पैर का कांटा निकाल दो। इस पर शहरी विकासमंत्री कैलाश विजयवर्गीय ने कहा कि डॉ मोहन यादव की सरकार खुल गए हैं हाथ इस पर कांग्रेस के सदस्य ने टिप्पणी की मुंह में ताला कौन खोलेगा। इन सब के बीच राजगढ़ के विधायक अमर सिंह यादव ने खुजनेर में विश्राम गृह होने बनाने का सवाल किया और कहा कि यहां खाटू श्याम जी के कारण हर ग्यारस के अवसर पर ५० हजार लोग इक_े होते हैं। इस पर लोक निर्माण मंत्री राकेश सिंह ने कहा कि हम विभाग से कहेंगे कि यहां पर रेस्टहाउस बनाने की ओर कदम उठाएं।







