जिला न्यायालय में आज नेशनल लोक अदालत – 60 खंडपीठों में सुलझेंगे 1.6 लाख मामले

जिला न्यायालय में आज नेशनल लोक अदालत
– 60 खंडपीठों में सुलझेंगे 1.6 लाख मामले
भोपाल, यश भारत । मध्यप्रदेश राज्य विधिक सेवा प्राधिकरण के मार्गदर्शन में शनिवार को भोपाल जिला न्यायालय परिसर में नेशनल लोक अदालत 2026 का भव्य शुभारंभ हुआ। राष्ट्रीय स्तर पर उदयपुर जिले के सफल आयोजन के बाद, भोपाल जिला न्यायालय द्वारा इसे एक सार्वजनिक उद्योग रॉयल ऑर्डर आयोजन के रूप में प्रतिष्ठित किया जा रहा है।
कार्यक्रम का आधिकारिक उद्घाटन भोपाल के प्रधान जिला न्यायाधीश मनोज कुमार श्रीवास्तव की अध्यक्षता में किया गया। इस विशेष समारोह में न्यायाधीशों द्वारा दीप प्रज्वलन एवं माँ सरस्वती की प्रतिमा पर माल्यार्पण कर न्यायिक प्रक्रिया को गति देने का संकल्प लिया गया।
उदयपुर के बाद भोपाल बना राष्ट्रीय उदाहरण इस अवसर पर जिला विधिक सेवा प्राधिकरण के सचिव एवं न्यायाधीश सुनीत अग्रवाल ने बताया कि लंबित मामलों के त्वरित निस्तारण के लिए भोपाल के इस मॉडल को देशभर में एक उदाहरण के तौर पर स्थापित किया जा रहा है। लोक अदालत का मुख्य उद्देश्य पक्षकारों के बीच आपसी सहमति से विवादों को खत्म कर उन्हें लंबी कानूनी प्रक्रिया से राहत दिलाना है।
न्याय के लिए गठित हुईं 60 खंडपीठें
लंबित एवं प्री-लिटिगेशन मामलों के निपटारे के लिए जिले में कुल 60 खंडपीठों का गठन किया गया है। इन पीठों में जिला न्यायालय, कुटुम्ब न्यायालय, श्रम न्यायालय और बैरसिया तहसील न्यायालय की विभिन्न शाखाएं शामिल हैं।
सुनवाई के लिए रखे मामले: लगभग 1.6 लाख से अधिक प्रकरण।
प्रकरणों के प्रकार: आपराधिक शमनीय मामले, चेक बाउंस, वैवाहिक विवाद, बिजली अधिनियम, बैंक रिकवरी और अन्य सिविल मामले।
नगर निगम और बिजली बिलों में विशेष छूट
लोक अदालत में इस बार भोपाल नगर निगम और विद्युत विभाग की सक्रिय भागीदारी देखी जा रही है। न्यायालय परिसर में ही विभिन्न काउंटर स्थापित किए गए हैं, जहाँ अधिकारी मौके पर मौजूद हैं। आम जनता को बिजली बिल, जलकर और संपत्ति कर जैसे बकाया भुगतानों के लिए विशेष छूट एवं आसान किस्तों की योजनाएं प्रदान की जा रही हैं।







