विधायक राजेंद्र भारती की सदस्यता समाप्त, विधानसभा अध्यक्ष बोले कार्रवाई पूरी तरह विधिसम्मत

विधायक राजेंद्र भारती की सदस्यता समाप्त, विधानसभा अध्यक्ष बोले कार्रवाई पूरी तरह विधिसम्मत
भोपाल यश भारत।
मध्य प्रदेश विधानसभा अध्यक्ष नरेंद्र सिंह तोमर ने दतिया से निर्वाचित विधायक राजेंद्र भारती की सदस्यता समाप्त किए जाने के मामले में स्पष्ट किया है कि यह कार्रवाई पूरी तरह विधि के अनुरूप की गई है। मीडिया से चर्चा में श्री तोमर ने बताया कि राजेंद्र भारती को माननीय विशेष जिला न्यायालय नई दिल्ली द्वारा तीन वर्ष के कारावास और एक लाख रुपये के अर्थदंड की सजा सुनाई गई है। इसके बाद सुप्रीम कोर्ट का 10 जुलाई 2013 का आदेश के प्रावधानों का पालन करते हुए उनकी विधानसभा सदस्यता 2 अप्रैल 2026 से शून्य कर दी गई। विधानसभा सचिवालय द्वारा सीट रिक्त होने का गजट नोटिफिकेशन भी जारी कर दिया गया है। उन्होंने बताया कि लोक प्रतिनिधित्व अधिनियम 1951 की धारा 8(3) के अनुसार यदि किसी जनप्रतिनिधि को दो वर्ष या उससे अधिक की सजा होती है तो वह दोषसिद्धि की तिथि से ही अयोग्य हो जाता है। चूंकि इस मामले में तीन वर्ष की सजा हुई है इसलिए यह प्रावधान स्वत लागू हुआ और सीट रिक्त घोषित कर दी गई। तोमर ने कहा कि यह कोई पहला मामला नहीं है। इससे पहले आशा रानी सिंह की सदस्यता 10 वर्ष की सजा के बाद समाप्त की गई थी। वहीं 2019 में प्रह्लाद लोधी की सदस्यता भी दो वर्ष की सजा के बाद समाप्त हुई थी हालांकि बाद में उच्च न्यायालय से स्थगन मिलने पर उनकी सदस्यता बहाल कर दी गई थी।
एक अन्य प्रश्न के जवाब में विधानसभा अध्यक्ष ने कहा कि उन्होंने सदैव दलगत राजनीति से ऊपर उठकर कार्य किया है और न्यायालय के आदेशों का पालन करना उनका दायित्व है। उन्होंने बताया कि विधानसभा के प्रमुख सचिव अरविंद शर्मा दिल्ली से लौटकर आवश्यक शासकीय कार्यों के लिए सचिवालय पहुंचे थे। आगामी 5 अप्रैल को पूर्व विधानसभा अध्यक्ष यज्ञदत्त शर्मा की जयंती के आयोजन की तैयारियां भी जारी हैं। तोमर ने दोहराया कि अदालत के आदेश का पालन किया गया है और भविष्य में भी न्यायालय के निर्देशों के अनुसार ही कार्रवाई की जाएगी।







