जनता को गुमराह करने के बजाय सच बताए सरकार: विवेक तन्खा
महंगाई, परीक्षा की गड़बड़ियों को लेकर उठाए सवाल

जनता को गुमराह करने के बजाय सच बताए सरकार: विवेक तन्खा
महंगाई, परीक्षा की गड़बड़ियों को लेकर उठाए सवाल
जबलपुर, यश भारत। राज्यसभा सांसद एवं वरिष्ठ अधिवक्ता विवेक तन्खा ने महंगाई, परीक्षा व्यवस्थाओं में गड़बड़ियों और प्रशासनिक कार्यप्रणाली को लेकर केंद्र एवं राज्य सरकारों पर तीखा हमला बोला। उन्होंने कहा कि बढ़ती महंगाई को केवल सरकार के नियंत्रण का विषय बताना उचित नहीं है। यदि वैश्विक परिस्थितियों का प्रभाव है तो सरकार को जनता के सामने स्पष्ट रूप से सच रखना चाहिए। जनता कठिनाइयों को समझती है, लेकिन उसे गुमराह नहीं किया जाना चाहिए।
तन्खा ने कहा कि चुनावी समय में पेट्रोल, डीजल और गैस की कीमतों को नियंत्रित दिखाना तथा बाद में दाम बढ़ा देना सरकार की विश्वसनीयता को कमजोर करता है। उन्होंने हालिया परीक्षा संबंधी विवादों का उल्लेख करते हुए कहा कि नीट से लेकर अन्य परीक्षाओं तक लगातार सामने आ रही गड़बड़ियां देश की शिक्षा व्यवस्था पर गंभीर सवाल खड़े कर रही हैं। ऐसे मामलों में जवाबदेह लोगों पर सख्त कार्रवाई होना आवश्यक है। उन्होंने आरोप लगाया कि आम नागरिक की समस्याओं को प्रशासन गंभीरता से नहीं सुनता, जबकि प्रभावशाली लोगों की बातों पर तत्काल ध्यान दिया जाता है। तन्खा ने कहा कि विद्यार्थियों और उनके अभिभावकों की वर्षों की मेहनत दांव पर लग जाती है। ऐसी घटनाएं केवल सिस्टम की नहीं, बल्कि पूरे देश की विफलता हैं।







