भोपालमध्य प्रदेशराज्य

जल गंगा संवर्धन अभियान’ में किसानों का कमाल,4.77 लाख हेक्टेयर में फल उद्यान तैयार

Farmers' wonder in 'Jal Ganga Conservation Campaign', fruit gardens developed in 4.77 lakh hectares

Table of Contents

जल गंगा संवर्धन अभियान’ में किसानों का कमाल,4.77 लाख हेक्टेयर में फल उद्यान तैयार

भोपाल: मुख्यमंत्री डॉ. मोहन यादव की पहल पर शुरू किए गए जल गंगा संवर्धन अभियान में प्रदेश के उद्यानिकी किसानों ने उल्लेखनीय भूमिका निभाई है. 30 मार्च से चल रहे इस अभियान में डेढ़ लाख से अधिक किसानों की सक्रिय भागीदारी से जल संरक्षण और जल स्रोतों के पुनर्जीवन का लक्ष्य हासिल किया जा रहा है.

1751114607 WhatsApp Image 2025 06 28 at 8.29.31 AM

पानी चौपाल’ बनी जागरूकता का माध्यम

जल प्रबंधन के प्रति जागरूकता फैलाने के लिए प्रदेश के सभी 313 विकासखंडों में 812 पानी चौपालों का आयोजन किया गया. इनमें 1 लाख 21 हजार से अधिक किसानों ने हिस्सा लिया और जल संरक्षण के उपायों पर अपने विचार साझा किए. इन चौपालों में किसानों को कम से कम 2 से 3 साल पुराने पौधे लगाने के लिए प्रेरित किया गया, जिससे उनके जीवित रहने की संभावना बढ़ जाती है. प्रदेश की नर्सरियों में 25 लाख से अधिक जीवित पौधे उपलब्ध हैं, जिन्हें किसान आसानी से प्राप्त कर सकते हैं.

पर ड्रॉप-मोर क्रॉप’ से बढ़ी सिंचाई दक्षता

प्रधानमंत्री राष्ट्रीय कृषि विकास योजना के तहत चलाए जा रहे पर ड्रॉप-मोर क्रॉप अभियान ने भी किसानों को पानी के महत्व को समझने में मदद की है. जल गंगा संवर्धन अभियान के तहत 12 हजार 488 हेक्टेयर क्षेत्र में ड्रिप सिंचाई के लिए लगभग 27 हजार किसानों ने ऑनलाइन पोर्टल पर पंजीकरण कराया है, जो एक महत्वपूर्ण उपलब्धि है.

फलदार पौधों का रिकॉर्ड रोपण और उद्यानों का विस्तार

अभियान के तहत 5000 हेक्टेयर में फलदार पौधों के रोपण का लक्ष्य रखा गया था, जिसके मुकाबले 25 जून तक 6231 किसानों ने 3998 हेक्टेयर में फलदार पौधों का रोपण किया है. इनमें आम, अमरूद, नीबू और आंवला जैसे फल प्रमुखता से शामिल हैं.

प्रदेश में फल उद्यानों का भी व्यापक विस्तार हुआ है. वर्तमान में 4.77 लाख हेक्टेयर में फल उद्यान हैं, जिनमें सर्वाधिक क्षेत्र में संतरा (1.31 लाख हेक्टेयर से अधिक), आम (66 हजार हेक्टेयर) और अमरूद (57 हजार हेक्टेयर) उगाए जा रहे हैं.

कृषि उद्यम समागम से किसानों को नया उत्साह

मुख्यमंत्री डॉ. मोहन यादव की पहल पर आयोजित कृषि उद्यम समागमों के माध्यम से उत्पादित फलों को बेहतर बाजार उपलब्ध कराने और निवेशकों को मध्य प्रदेश में निवेश के लिए प्रोत्साहित किया जा रहा है. मंदसौर में आयोजित समागम में मुख्यमंत्री ने मध्य प्रदेश के संतरे और केले की ब्रांडिंग पर विशेष जोर दिया. इन प्रयासों से किसानों में नया उत्साह दिख रहा है, और आने वाले समय में इसके बेहतर परिणाम देखने को मिलेंगे.

Related Articles

Leave a Reply

Your email address will not be published. Required fields are marked *

Back to top button