मसूद अजहर का नाम पाकिस्तान की ‘रेड बुक’ में शामिल, गिरफ्तारी पर 70 लाख पाकिस्तानी रुपये का इनाम
इससे पहले यह इनाम 50 लाख पाकिस्तानी रुपये था

पाकिस्तान, पाकिस्तान ने जैश-ए-मोहम्मद के प्रमुख मसूद अजहर को अपनी फेडरल इन्वेस्टिगेशन एजेंसी (एफआईए) की ‘रेड बुक’ में शामिल किया है। उसकी गिरफ्तारी में मदद करने वाली सूचना देने वाले व्यक्ति के लिए इनाम की राशि बढ़ाकर 70 लाख पाकिस्तानी रुपये कर दी गई है। इससे पहले यह इनाम 50 लाख पाकिस्तानी रुपये था। रेड बुक पाकिस्तान की एफआईए के काउंटर टेररिज्म विंग की ओर से तैयार की जाने वाली सूची है। इसमें देश के मोस्ट वांटेड और हाई-प्रोफाइल आतंकवादियों की जानकारी दर्ज की जाती है। सूची में संबंधित व्यक्ति की तस्वीर, पहचान, संगठन से जुड़ाव और उसके खिलाफ दर्ज मामलों का विवरण शामिल होता है।मसूद अजहर जैश-ए-मोहम्मद का संस्थापक और प्रमुख है। वह भारत में कई आतंकवादी हमलों के मामलों में वांटेड है। इनमें वर्ष 2001 में भारतीय संसद पर हुआ हमला भी शामिल है।
मसूद अजहर का नाम पाकिस्तान की इस सूची में शामिल किए जाने को कई विशेषज्ञ अलग-अलग नजरिए से देख रहे हैं। कुछ विशेषज्ञ इसे फाइनेंशियल एक्शन टास्क फोर्स (एफएटीएफ) की समीक्षा से जोड़कर देख रहे हैं।हालांकि, पाकिस्तान सरकार की ओर से अब तक मसूद अजहर को रेड बुक में शामिल किए जाने के कारणों को लेकर कोई आधिकारिक बयान सामने नहीं आया है। एफआईए की यह सूची कानून लागू करने वाली एजेंसियों के लिए वांटेड आतंकवादियों का रिकॉर्ड और उनकी गिरफ्तारी में मदद करने वाला डेटाबेस मानी जाती है।







