अधारताल में प्लाट बेंचने के नाम पर 20 लाख की धोखाधड़ी : पांच लाख ब्याना लेकर नहीं कर रहा रजिस्ट्री, मामला दर्ज

जबलपुर, यशभारत। अधारताल में धोखाधड़ी का एक अजीबो गरीब मामला सामने आया है। जिसमें प्लाट विक्रेता ने पहले पांच लाख रुपय का ब्याना ले लिया, लेकिन अब प्लाट की रजिस्ट्री करने में आनाकानी कर रहा है। जबकि पीडि़त प्लाट के शेष बचे हुए रुपए देने तैयार है। जब लाख मिन्नते करने के बाद भी आरोपी प्लाट विक्रेता ने प्लाट पीडि़त के नाम नहीं किया तो थकहार कर पीडि़त ने थाने में शिकायत की। पुलिस ने पूरी जांच के बाद धोखाधड़ी का मामला कायम कर, जांच में लिया है।
पुलिस ने मामले की जानकारी देते हुए बताया कि रोहित यादव पिता स्व.राजेश्वरी दयाल यादव 28 वर्ष निवासी अधारताल ने बताया कि उसने बेतला नगर में 12 सौ वर्ग फुट का प्लाट 2015 में आरोपी लोकेन्द्र सिंह राजपूत से खरीदने के लिए पांच लाख का ब्याना दिया। दोनों के बीच यह तय हुआ कि जब वह प्लाट की रजिस्ट्री करेगा तो पूरी रकम दे देगा। लेकिन अब आरोपी लोकेन्द्र प्लाट की रजिस्ट्री ही नहीं कर रहा है। प्लाट करीब बीस लाख का है। जबकि पीडि़त पांच लाख पहले ही दे चुका है। पीडि़त ने शिकायत की कि झांसे में लेकर उससे पांच लाख रुपए का ब्याना लेकर बीस लाख का प्लाट उसके नाम ना कर आरोपी ने धोखाधड़ी की है, जबकि वह तय रकम आरोपी को एकमुश्त देने राजी है।
प्लाट की बढ़ी कीमतों के कारण पड़ी दरार
बताया जाता है कि 2015 में जब उक्त प्लाट को बेचने की बात चल रही थी, उस समय प्लाट की कीमत तकरीबन बीस लाख थी, लेकिन आज रेट दोगुने है। जिसके बाद प्लाट मालिक के मन में लोभ घर कर गया और वह अब रजिस्ट्री करने से मुकर रहा है। पुलिस आरोपी को तलाश करने में जुटी है।







