ऊर्जा और उत्साह का उत्स, दुबे कॉलोनी में राहगीरी डे, स्वच्छता, फिटनेस और जनभागीदारी का अनोखा संगम

कटनी, यशभारत। शहर में स्वच्छता के प्रति जागरूकता और नागरिक सहभागिता को नया आयाम देने के उद्देश्य से नगर निगम द्वारा दुबे कॉलोनी क्षेत्र में श्राहगीरी डे का आयोजन हर्षोल्लोस के साथ किया गया। रविवार की यह सुबह स्वास्थ्य, मनोरंजन और सामाजिक जुड़ाव का ऐसा मंच बनी, जहां हर आयु वर्ग के लोगों ने उत्साहपूर्वक भाग लेकर इसे एक जन.उत्सव का स्वरूप दे दिया। सुबह की शुरुआत योग एवं फिटनेस सत्र से हुई, जिसमें नागरिकों, अधिकारियों और कर्मचारियों ने सहभागिता करते हुए स्वस्थ जीवनशैली अपनाने का संदेश दिया। इसके बाद साइकिलिंग, स्केटिंग, म्यूजिकल चेयर, पेंटिंग, रंगोली, शतरंज, कैरम, रस्सीकूद, चम्मच नींबू दौड़ और बोरा दौड़ जैसे विविध खेलों ने आयोजन में जीवंतता घोल दी। कार्यक्रम में महापौर श्रीमती प्रीति संजीव सूरी, नगर निगम आयुक्त सुश्री तपस्या परिहार की विशेष मौजूदगी रही। कार्यक्रम स्थल पर लगाए गए इको ब्रिक्स स्टॉल और एसएसजी समूह द्वारा तैयार किए गए कपड़े के थैलों की प्रदर्शनी ने लोगों को पर्यावरण संरक्षण और पुन: उपयोग रीसायकल की दिशा में प्रेरित किया। बच्चों, युवाओं और महिलाओं की सक्रिय भागीदारी ने आयोजन को खास बना दिया।
जुंबा की धुन पर थिरका जनसमूह
तेज संगीत और प्रशिक्षकों के मार्गदर्शन में आयोजित जुंबा सत्र ने सभी को ऊर्जा से भर दिया। बड़ी संख्या में लोगों ने इसमें हिस्सा लेकर फिटनेस के साथ स्वच्छता का संदेश आत्मसात किया। वहीं नुक्कड़ नाटक, कचरा पृथक्करण, सिंगल यूज प्लास्टिक पर रोक और जल संरक्षण जैसे विषयों पर आयोजित गतिविधियों ने नागरिकों को स्वच्छता के प्रति उनकी जिम्मेदारी का अहसास कराया।
नन्हे कलाकारों ने मोहा मन
गीतांजलि कला केंद्र के बच्चों द्वारा प्रस्तुत सांस्कृतिक कार्यक्रम ने आयोजन में विशेष आकर्षण जोड़ा। उनकी प्रस्तुति ने दर्शकों का मन मोह लिया और पूरे माहौल को उत्साह से भर दिया। महापौर ने कहा कि यह कार्यक्रम नगर निगम द्वारा नागरिकों में स्वास्थ्य एवं स्वच्छता के प्रति जागरूकता बढ़ाने का एक सार्थक प्रयास है। स्वच्छ और स्वस्थ शहर का निर्माण केवल प्रशासन की जिम्मेदारी नहींए बल्कि हम सभी नागरिकों की सहभागिता से ही संभव है। आप सभी का प्रयास होना चाहिए कि हमारा कटनी स्वच्छता के क्षेत्र में नंबर वन बने। एक क्लीन सिटी जागरूक नागरिकों की सक्रिय भागीदारी से ही साकार हो सकती है।






