ग्रीष्मकालीन प्रतिभा शिविर का समापन, विद्यार्थियों ने दिखाई बहुमुखी प्रतिभा
299 विद्यार्थियों ने सीखे जीवन कौशल और कला के विविध आयाम, उत्कृष्ट प्रतिभागी एवं 20 मास्टर ट्रेनर्स सम्मानित

ग्रीष्मकालीन प्रतिभा शिविर का समापन, विद्यार्थियों ने दिखाई बहुमुखी प्रतिभा
299 विद्यार्थियों ने सीखे जीवन कौशल और कला के विविध आयाम, उत्कृष्ट प्रतिभागी एवं 20 मास्टर ट्रेनर्स सम्मानित
कटनी, यशभारत। नगर निगम द्वारा आयोजित 11 दिवसीय ग्रीष्मकालीन प्रतिभा शिविर-2026 का प्रतिभा सम्मान एवं समापन समारोह मंगलवार को स्वामी विवेकानंद सभागार में उत्साह और उल्लास के वातावरण में संपन्न हुआ। कार्यक्रम में महापौर प्रीति सूरी मुख्य अतिथि के रूप में उपस्थित रहीं। समारोह में निगमायुक्त तपस्या परिहार, मेयर इन काउंसिल सदस्य, जनप्रतिनिधि, निगम के अधिकारी कर्मचारियों, अभिभावक तथा बड़ी संख्या में छात्र-छात्राएं मौजूद रहे।
नगर निगम के तीनों विद्यालयों में 5 से 15 जून तक आयोजित इस शिविर में 299 विद्यार्थियों ने खेल, कला, संस्कृति एवं जीवन-कौशल से जुड़ी विभिन्न गतिविधियों में भाग लिया। कार्यक्रम का शुभारंभ दीप प्रज्ज्वलन एवं सरस्वती वंदना के साथ हुआ। इस अवसर पर शिविर की गतिविधियों पर आधारित लघु फिल्म का प्रदर्शन किया गया तथा विद्यार्थियों द्वारा तैयार किए गए विभिन्न व्यंजनों के स्टॉल भी लगाए गए।
समापन समारोह में विद्यार्थियों की रंगारंग प्रस्तुतियां आकर्षण का केंद्र रहीं। स्केटिंग, आत्मरक्षा प्रदर्शन, तबला-हारमोनियम वादन, गायन, वेस्टर्न डांस और कथक नृत्य की प्रस्तुतियों ने दर्शकों की खूब तालियां बटोरीं। प्रत्येक प्रस्तुति में प्रशिक्षण के दौरान सीखे गए कौशल और बच्चों का आत्मविश्वास साफ दिखाई दिया।
सृजन और आत्मविश्वास बढ़ाने का माध्यम है शिविर : प्रीति सूरी
महापौर प्रीति सूरी ने कहा कि यह शिविर केवल एक आयोजन नहीं, बल्कि विद्यार्थियों के जीवन में सृजन और आत्मविश्वास के नए अध्याय की शुरुआत है। ऐसे शिविर बच्चों को नई दिशा देने के साथ उनके व्यक्तित्व विकास में महत्वपूर्ण भूमिका निभाते हैं। उन्होंने विद्यार्थियों को सीखी गई कलाओं का नियमित अभ्यास करने, स्वच्छता बनाए रखने तथा जल संरक्षण के प्रति जागरूक रहने का संदेश दिया।
बच्चों के सर्वांगीण विकास का प्रयास : तपस्या परिहार
निगमायुक्त तपस्या परिहार ने कहा कि नगर निगम का उद्देश्य बच्चों को शिक्षा के साथ-साथ कौशल विकास, रचनात्मकता और आत्मविश्वास के अवसर उपलब्ध कराना है। शिविर में बच्चों को कला, खेल, संगीत, नृत्य और आत्मरक्षा जैसे क्षेत्रों में प्रशिक्षण देकर उनके सर्वांगीण विकास का प्रयास किया गया। उन्होंने प्रशिक्षकों, विद्यार्थियों और अभिभावकों के सहयोग की सराहना करते हुए कहा कि भविष्य में भी इस प्रकार के नवाचार जारी रहेंगे।
कार्यक्रम में उत्कृष्ट प्रदर्शन करने वाले विद्यार्थियों को प्रमाण-पत्र एवं स्मृति चिन्ह देकर सम्मानित किया गया। साथ ही तीनों केंद्रों के 20 मास्टर ट्रेनर्स को भी सम्मानित किया गया तथा वार्षिक एकेडमिक कैलेंडर का विमोचन किया गया। समारोह में नगर निगम के अधिकारी-कर्मचारी एवं बड़ी संख्या में अभिभावक उपस्थित रहे।






