विजय शाह के खिलाफ अभियोजन स्वीकृति नहीं देगी सरकार

विजय शाह के खिलाफ अभियोजन स्वीकृति नहीं देगी सरकार
– राज्यपाल की मंजूरी के बाद गृह विभाग ने तैयार किया आदेश, सुप्रीम कोर्ट को भेजी जाएगी रिपोर्ट
भोपाल। ऑपरेशन सिंदूर के दौरान कर्नल सोफिया कुरैशी को लेकर विवादित बयान देने वाले मंत्री विजय शाह के खिलाफ मुकदमा चलाने की अनुमति मध्य प्रदेश सरकार नहीं देगी। कैबिनेट की अनुशंसा पर राज्यपाल मंगुभाई पटेल की मंजूरी मिलने के बाद गृह विभाग ने अपने स्तर पर मामले का परीक्षण कर आदेश का प्रारूप मुख्यमंत्री कार्यालय को भेज दिया है। मुख्यमंत्री कार्यालय से हरी झंडी मिलते ही गृह विभाग अभियोजन की स्वीकृति नहीं देने संबंधी आदेश जारी करेगा। इसके बाद इसकी रिपोर्ट सुप्रीम कोर्ट में पेश की जाएगी।
हाई कोर्ट से सुप्रीम कोर्ट तक पहुंचा मामला
विजय शाह ने 11 मई 2025 को इंदौर जिले के रायकुंडा गांव में आयोजित एक कार्यक्रम में कर्नल सोफिया कुरैशी को लेकर विवादित टिप्पणी की थी। मामले में मध्य प्रदेश हाई कोर्ट ने स्वत: संज्ञान लेते हुए एफआईआर दर्ज करने के निर्देश दिए थे। इसके बाद मामला सुप्रीम कोर्ट पहुंचा और विशेष जांच दल (एसआईटी) का गठन किया गया।
एसआईटी ने मामले की जांच पूरी करने के बाद अपनी रिपोर्ट सीलबंद लिफाफे में सुप्रीम कोर्ट को सौंपी थी। जांच के बाद विजय शाह के खिलाफ मुकदमा चलाने के लिए अभियोजन स्वीकृति मांगी गई थी।
कैबिनेट ने माना मुकदमे का औचित्य नहीं
मामले में निर्णय में लगातार हो रही देरी पर सुप्रीम कोर्ट ने राज्य सरकार से नाराजगी जताई थी और शीघ्र निर्णय लेने के निर्देश दिए थे। इसके बाद 25 अगस्त को हुई कैबिनेट बैठक में राज्यपाल से अभियोजन स्वीकृति नहीं देने की अनुशंसा की गई थी। सरकार की ओर से तर्क दिया गया कि विजय शाह मामले में चार बार माफी मांग चुके हैं और ऐसी स्थिति में उनके खिलाफ मुकदमा चलाने का औचित्य नहीं है। राज्यपाल की मंजूरी के बाद अब गृह विभाग औपचारिक आदेश जारी करने की तैयारी में है।







