ईवीएम पर सख्त पहरा,चुनाव में पारदर्शिता का डबल लॉक: दूसरी रैंडमाइजेशन पूरी
नई दिल्ली, यश भारत ।

ईवीएम पर सख्त पहरा,चुनाव में पारदर्शिता का डबल लॉक: दूसरी रैंडमाइजेशन पूरी
नई दिल्ली, यश भारत ।आगामी विधानसभा चुनाव 2026 को निष्पक्ष और पूरी तरह पारदर्शी बनाने के लिए भारतीय चुनाव आयोग ने बड़ा कदम उठाया है। आयोग ने असम, केरल और पुडुचेरी में ईवीएम और वीवीपीएटी
की दूसरी रैंडमाइजेशन प्रक्रिया सफलतापूर्वक पूरी कर ली है।
चुनाव आयोग के अनुसार, ईवीएम आवंटन की प्रक्रिया दो चरणों में होती है, ताकि किसी भी प्रकार की मानवीय हस्तक्षेप या पक्षपात की संभावना खत्म की जा सके। पहले चरण में मशीनों को जिला स्तर से विधानसभा क्षेत्रों में भेजा जाता है, जबकि दूसरे चरण में इन्हें पूरी तरह रैंडम तरीके से पोलिंग स्टेशनों पर तैनात किया जाता है।
इससे पहले पहली रैंडमाइजेशन प्रक्रिया के तहत देशभर में करीब 8.85 लाख ईवीएम यूनिट्स (बैलेट यूनिट, कंट्रोल यूनिट और वीवीपीएटी) आवंटित किए जा चुके हैं। यह पूरी प्रक्रिया राजनीतिक दलों के प्रतिनिधियों की मौजूदगी में कराई गई थी।
दूसरी रैंडमाइजेशन रिटर्निंग अधिकारियों (ROs) द्वारा उम्मीदवारों की उपस्थिति में पूरी की गई, जिससे पारदर्शिता और भरोसे को और मजबूती मिली है। आयोग ने स्पष्ट किया है कि इस प्रक्रिया की पूरी सूची सभी उम्मीदवारों के साथ साझा की जाएगी।
वहीं, तमिलनाडु और पश्चिम बंगाल के लिए यह प्रक्रिया नामांकन वापसी की अंतिम तिथि के बाद पूरी की जाएगी।
गौरतलब है कि असम, केरल और पुडुचेरी समेत कई राज्यों में 9 अप्रैल 2026 को मतदान होना है। ऐसे में ईवीएम की यह दोहरी रैंडमाइजेशन व्यवस्था चुनाव की निष्पक्षता सुनिश्चित करने की दिशा में बेहद अहम कदम मानी जा रही है।







