मुंबई से ग्वालियर को मिला निवेश का बड़ा संदेश, टेलीकॉम हब बनाने की दिशा में बढ़ा मध्यप्रदेश
10,000 करोड़ रु. निवेश और 14 हजार रोजगार का लक्ष्य

मुंबई, यश भारत | मध्यप्रदेश ने देश के पहले टेलीकॉम मैन्युफैक्चरिंग जोन (टीएमजेड) को वैश्विक पहचान दिलाने की दिशा में मंगलवार को बड़ा कदम बढ़ाया। मुंबई में आयोजित टेलीकॉम मैन्युफैक्चरिंग ज़ोन इन्वेस्टर्स मीट एवं रोडशो में मुख्यमंत्री डॉ. मोहन यादव ने देश के प्रमुख उद्योग समूहों से ग्वालियर में निवेश का आह्वान करते हुए कहा कि मध्यप्रदेश आज उद्योगों के लिए सबसे भरोसेमंद और तेज़ी से उभरता निवेश गंतव्य है। कार्यक्रम में केंद्रीय संचार एवं पूर्वोत्तर क्षेत्र विकास मंत्री ज्योतिरादित्य सिंधिया, दूरसंचार विभाग के सचिव अमित अग्रवाल, मध्यप्रदेश के अपर मुख्य सचिव नीरज मंडलोई तथा टेलीकॉम, इलेक्ट्रॉनिक्स और इंफ्रास्ट्रक्चर क्षेत्र की कई अग्रणी कंपनियों के प्रतिनिधि मौजूद रहे।
मुख्यमंत्री डॉ मोहन यादव ने कहा कि राज्य सरकार निवेशकों को केवल उद्योग लगाने के लिए आमंत्रित नहीं कर रही बल्कि दीर्घकालिक साझेदारी का भरोसा भी दे रही है। प्रदेश में उद्योग-अनुकूल नीतियां, पारदर्शी प्रशासन, त्वरित स्वीकृति प्रणाली, बेहतर सड़क, रेल और हवाई संपर्क के साथ विशाल लैंड बैंक उपलब्ध है। उन्होंने कहा कि ‘मेक इन इंडिया’ और ‘मेक इन एमपी’ की अवधारणा को आगे बढ़ाते हुए ग्वालियर का टेलीकॉम मैन्युफैक्चरिंग ज़ोन देश की औद्योगिक शक्ति का नया प्रतीक बनेगा और युवाओं के लिए बड़े पैमाने पर रोजगार तथा आधुनिक तकनीक आधारित उद्योगों के अवसर पैदा करेगा।

बैठक में बताया गया कि ग्वालियर स्थित टीएमजेड में 10,000 करोड़ रु. से अधिक निवेश आकर्षित करने का लक्ष्य रखा गया है, जिससे करीब 14 हजार प्रत्यक्ष और अप्रत्यक्ष रोजगार सृजित होंगे। इससे पहले नई दिल्ली में आयोजित पहली इन्वेस्टर्स राउंडटेबल में 3,500 करोड़ रु.के निवेश प्रस्ताव प्राप्त हो चुके हैं। 30 जुलाई को दूरसंचार विभाग और मध्यप्रदेश शासन के बीच हुए समझौता ज्ञापन के बाद परियोजना को औपचारिक रूप से गति मिली है।
इस अवसर पर केंद्रीय दूर संचार मंत्री ज्योतिरादित्य सिंधिया ने निवेशकों से आवाहन करते हुए कहा कि मध्य प्रदेश में आप निवेश करें। मध्य प्रदेश में 17 कंपनियां आ चुकी हैं। आप लोगों को भी आने का आमंत्रण दिया जा रहा है। आप लोगों की समस्याओं को दूर करने के लिए केंद्र और राज्य सरकार मिलकर काम करेगी, जिससे उद्योगपतियों की समस्याओं का तत्काल निदान होगा।
दूरसंचार विभाग के सचिव अमित अग्रवाल ने कहा कि ग्वालियर का टीएमजेड भारत का पहला समर्पित टेलीकॉम मैन्युफैक्चरिंग ज़ोन है, जहां विश्वस्तरीय टेस्टिंग लैब, अनुसंधान सुविधाएं और आधुनिक विनिर्माण इकोसिस्टम विकसित किया जाएगा। अपर मुख्य सचिव नीरज मंडलोई ने कहा कि निवेशकों को भूमि, बिजली, पानी, प्लग-एंड-प्ले सुविधाएं और आकर्षक प्रोत्साहन उपलब्ध कराए जाएंगे। उन्होंने कहा कि मुख्यमंत्री डॉ. मोहन यादव के नेतृत्व में मध्यप्रदेश में निवेश का अनुकूल वातावरण बना है और ग्लोबल इन्वेस्टर्स समिट के प्रस्ताव अब धरातल पर उतर रहे हैं।
मुंबई रोडशो में एचएफसीएल, डिक्सॉन और वीवीडीएन सहित कई प्रमुख कंपनियों ने निवेश में रुचि दिखाई। उद्योग जगत ने मध्यप्रदेश की नई औद्योगिक नीतियों और निवेश-अनुकूल माहौल की सराहना करते हुए राज्य को दीर्घकालिक निवेश के लिए उपयुक्त गंतव्य बताया। सरकार को विश्वास है कि यह पहल ग्वालियर को देश के प्रमुख टेलीकॉम विनिर्माण केंद्र के रूप में स्थापित करेगी और भारत को वैश्विक टेलीकॉम मैन्युफैक्चरिंग एवं इनोवेशन हब बनाने के लक्ष्य को नई गति देगी।







