भोपाल के जयप्रकाश अस्पताल में स्वास्थ्य सेवाएं चरमराईं, डॉक्टरों की देरी से मरीज बेहाल ..

भोपाल के जयप्रकाश अस्पताल में स्वास्थ्य सेवाएं चरमराईं, डॉक्टरों की देरी से मरीज बेहाल
भोपाल । राजधानी भोपाल के 1250 बेड वाले जयप्रकाश अस्पताल में मरीजों को स्वास्थ्य सेवाएं समय पर नहीं मिल पा रही हैं। मरीज सुबह से लाइन में लगे रहते हैं, लेकिन डॉक्टर अपने नियत समय से घंटों देरी से आते हैं। इस कारण अस्पताल में भीड़, अव्यवस्था और मरीजों में आक्रोश का माहौल बना रहता है।
डॉक्टरों की लेटलतीफी बनी मरीजों के लिए परेशानी
मरीजों का आरोप है कि उन्हें सुबह से भूखा-प्यासा कतार में खड़ा रहना पड़ता है, लेकिन डॉक्टर अक्सर एक से डेढ़ घंटे की देरी से आते हैं। ऐसे में बुजुर्ग और गंभीर रोगी थक कर चक्कर खाकर गिर जाते हैं। कई बार मरीज बिना इलाज के वापस लौट जाते हैं। समय पर इलाज नहीं मिलने से रोग और अधिक गंभीर हो जाता है
स्वास्थ्य विभाग की निगरानी नदारद
मरीजों और उनके परिजनों का कहना है कि बार-बार शिकायतों के बावजूद भी स्वास्थ्य विभाग द्वारा कोई ठोस कार्यवाही नहीं की जाती। ऐसा प्रतीत होता है कि अस्पताल प्रबंधन और संबंधित अधिकारियों के बीच मिलीभगत या लापरवाही का सिलसिला चल रहा है।
डॉक्टरों को समय का पाबंद क्यों नहीं बनाया जा रहा?
सवाल यह है कि जब अस्पताल में हजारों मरीज इलाज के लिए आते हैं, तो डॉक्टरों को समय पर आने के लिए पाबंद क्यों नहीं किया जाता?क्यों नहीं अस्पताल में डॉक्टरों की उपस्थिति पर सख्त मॉनिटरिंग की जाती? क्या लापरवाही के पीछे कोई आंतरिक दलाली और भ्रष्टाचार का मामला है?
मरीजों की मांग – हो सख्त कार्रवाई
अस्पताल आने वाले मरीजों और उनके परिजनों मांग की है कि डॉक्टरों की समय पर उपस्थिति सुनिश्चित हो साथ ही अस्पताल में ऑनलाइन नंबर सिस्टम और स्क्रीन पर स्टेटस अपडेट जैसी व्यवस्था लागू हो। स्वास्थ्य विभाग द्वारा निरीक्षण कर लापरवाह कर्मचारियों पर कार्रवाई की जाए।







