भाजयुमो जबलपुर: प्रदेश नेतृत्व की खींचतान के बीच संगठन की पसंद पर लगी मुहर, रविन्द्र तिवारी बने जिलाध्यक्ष और श्रीकांत वर्मा को महामंत्री की कमान

भाजयुमो जबलपुर: प्रदेश नेतृत्व की खींचतान के बीच संगठन की पसंद पर लगी मुहर, रविन्द्र तिवारी बने जिलाध्यक्ष और श्रीकांत वर्मा को महामंत्री की कमान
जबलपुर। भारतीय जनता युवा मोर्चा (भाजयुमो) मध्यप्रदेश की नई संगठनात्मक नियुक्तियों में एक बार फिर पार्टी के मूल संगठन का वर्चस्व साफ देखने को मिला है। लंबी खींचतान और अलग-अलग नामों के पैनल पर मंथन के बाद आखिरकार जबलपुर नगर के जिलाध्यक्ष पद पर संगठन की पहली पसंद रविन्द्र तिवारी के नाम पर मुहर लग गई है। वहीं, जिला महामंत्री की जिम्मेदारी उत्तर विधानसभा से विधायक अभिलाष पांडे के करीबी श्रीकांत वर्मा को सौंपी गई है।
युवा मोर्चा के प्रदेश अध्यक्ष श्याम टेलर द्वारा 29 अक्टूबर को जारी की गई आधिकारिक सूची में जबलपुर की इस नियुक्ति को संगठन के दृष्टिकोण से काफी अहम माना जा रहा है।
प्रदेश अध्यक्ष की अलग थी पसंद, लेकिन चली संगठन की
सूत्रों और अंदरूनी चर्चाओं के अनुसार, जिलाध्यक्ष पद के लिए प्रदेश नेतृत्व और जबलपुर स्थानीय संगठन के बीच अलग-अलग नामों को लेकर राय बनी हुई थी। युवा मोर्चा प्रदेश अध्यक्ष किसी अन्य नाम को आगे बढ़ाने की कोशिश में थे और अलग-अलग पैनल पर लगातार मंथन चल रहा था।
हालाँकि, जबलपुर नगर संगठन ने रविन्द्र तिवारी के नाम की पुरजोर सिफारिश की थी। अंततः प्रदेश नेतृत्व की पसंद के बजाय स्थानीय संगठन की पसंद और दूरगामी प्राथमिकताओं को तरजीह दी गई और रविन्द्र तिवारी के नाम की औपचारिक घोषणा कर दी गई।
महामंत्री पद के समीकरण में भी चौंकाने वाला फैसला
जिला महामंत्री पद को लेकर भी काफी समय से खींचतान चल रही थी। चर्चा थी कि जिलाध्यक्ष पद पर सहमति न बनने की स्थिति में प्रदेश अध्यक्ष की पसंद को समन्वित (अजस्ट) करने के लिए महामंत्री पद पर जगह दी जा सकती है। इसके लिए करीब तीन प्रमुख दावेदारों के नाम दौड़ में थे।
लेकिन ऐन मौके पर समीकरण बदलते हुए संगठन ने विधायक अभिलाष पांडे के नजदीकी श्रीकांत वर्मा पर भरोसा जताया। इस फैसले से उन अटकलों पर विराम लग गया, जिनमें माना जा रहा था कि महामंत्री पद पर प्रदेश अध्यक्ष की पसंद को साधा जाएगा।







