गुटखा के रैपर में कटनी की नामी फर्मों के नाम का इस्तेमाल, अवैध गुटखा फैक्टरी पर प्रशासन की दबिश, गोदाम संचालक पर एफआईआर, पुलिस कर रही मामले की जांच

कटनी, यशभारत। कटनी की नामचीन फर्मों के नाम पर छतरपुर जिले में संचालित अवैध गुटखा फैक्टरी पर प्रशासन ने दबिश देते हुए कार्रवाई की है। खास बात यह है कि स्वास्थ्य के लिए बेहद हानिकारक मैग्नीशियम कार्बोनेट का गुटखे में धड़ल्ले से इस्तेमाल किया जा रहा था। इसकी भनक प्रशासन को लगते ही हरकत में आए खाद्य सुरक्षा विभाग और जिला प्रशासन ने संयुक्त कार्रवाई करते हुए अवैध गुटखा और पान मसाला कारखाने का भंडाफोड़ किया। सूत्रों के मुताबिक गुटखा के रैपर में कटनी की बालाजी ट्रेडिंग कंपनी और एमएन इंडस्ट्रीज के पता और नाम दर्ज था। पुलिस ने इस मामले में गोदाम संचालक अवधेश यादव के खिलाफ मामला दर्ज कर जांच शुरू कर दी है। पुलिस अबइस बात का पता लगा रही है कि गुटखा में कटनी की जिस कंपनी का नाम दर्ज है, असल में वह है या नहीं। या फिर फर्जी तरीके से कंपनी के नाम इस्तेमाल किया जा रहा था। सूत्रों के मुताबिक नौगांव एसडीएम ने विशेष जांच दल गठित किया था। टीम ने हरपालपुर के सरसेड़ रोड स्थित एक संदिग्ध पान मसाला गोदाम पर छापा मारा। खाद्य सुरक्षा अधिकारी वंदना जैन के नेतृत्व में की कार्रवाई के दौरान गोदाम के भीतर बड़े पैमाने पर अवैध गतिविधियों का खुलासा हुआ। बताया जाता है कि गुटखा के रैपर में कटनी की बालाजी ट्रेडिंग कंपनी और एमएन इंडस्ट्रीज का पता और नाम पाया गया। गोदाम में प्रतिबंधित जर्दायुक्त गुटखे का अवैध उत्पादन किया जा रहा था। गुटखे की आपूर्ति प्रदेश के अलावा कई अन्य राज्यों तक फैली हुई है। यहां से करीब 150 बोरी माल जब्त किया गया और फैक्ट्री में कई खामियां पाई गई। मामले की गंभीरता को देखते हुए प्रशासन ने मुख्य गोदाम संचालक के खिलाफ केस दर्ज किया है। इसके अलावा भारी मात्रा में कर चोरी की आशंका के चलते जांच रिपोर्ट राज्य कर के एंटी इवेजन ब्यूरो को भेजी जा रही है।





