उत्कृष्ट पुलिसिंग का सम्मान……पूर्व एएसपी राजेश तिवारी को मिला केएफ रूस्तमजी पुरस्कार-मुख्यमंत्री डॉ. मोहन यादव ने भोपाल में किया सम्मानित, भेंट की रिवाल्वर

जबलपुर। मध्यप्रदेश पुलिस में उत्कृष्ट सेवाएं देने वाले पूर्व अतिरिक्त पुलिस अधीक्षक राजेश तिवारी को प्रतिष्ठित केएफ रूस्तमजी पुरस्कार से सम्मानित किया गया। राजधानी भोपाल के रवीन्द्र भवन में आयोजित राज्य स्तरीय सम्मान समारोह में मुख्यमंत्री डॉ. मोहन यादव ने उन्हें सम्मान स्वरूप रिवाल्वर और प्रशस्ति पत्र भेंट कर सम्मानित किया।
यह सम्मान श्री तिवारी को वर्ष 2019-20 के लिए उनकी उत्कृष्ट कार्यशैली, कर्तव्यनिष्ठा और उच्च स्तरीय व्यावसायिक दक्षता के आधार पर प्रदान किया गया। उस समय वे नरसिंहपुर में अतिरिक्त पुलिस अधीक्षक के पद पर पदस्थ थे। हाल ही में वे महिला सुरक्षा शाखा जबलपुर से सेवानिवृत्त हुए हैं।
महिला सुरक्षा और कानून व्यवस्था में निभाई अहम भूमिका-
राजेश तिवारी ने अपने सेवाकाल के दौरान महिला सुरक्षा, अपराध नियंत्रण और संवेदनशील मामलों के निराकरण में उल्लेखनीय भूमिका निभाई। पुलिस विभाग में उनकी पहचान एक अनुशासित, शांत और परिणामोन्मुख अधिकारी के रूप में रही है। उन्होंने कई महत्वपूर्ण अभियानों और कानून व्यवस्था संबंधी चुनौतियों का सफलतापूर्वक नेतृत्व किया।
पुलिस मुख्यालय द्वारा जारी प्रशस्ति पत्र में उल्लेख किया गया है कि श्री तिवारी ने अपने कर्तव्यों के निर्वहन में उच्चतम कोटि की व्यावसायिक दक्षता का प्रदर्शन किया, जिसके चलते उन्हें परम विशिष्ट श्रेणी में चयनित किया गया। प्रमाण पत्र पर पुलिस महानिदेशक कैलाश मकवाना के हस्ताक्षर अंकित हैं।
101 पुलिस अधिकारी और जवान भी हुए सम्मानित-
राज्य स्तरीय इस समारोह में मध्यप्रदेश पुलिस के कुल 101 अधिकारियों और जवानों को भी विभिन्न श्रेणियों में सम्मानित किया गया। मुख्यमंत्री डॉ. मोहन यादव ने इस अवसर पर कहा कि पुलिस बल समाज में सुरक्षा और विश्वास का सबसे बड़ा आधार है तथा उत्कृष्ट कार्य करने वाले अधिकारी पूरे विभाग के लिए प्रेरणा बनते हैं।
पूर्व एएसपी राजेश तिवारी को मिले इस सम्मान से जबलपुर पुलिस महकमे और उनके शुभचिंतकों में खुशी का माहौल है। पुलिस अधिकारियों और सामाजिक संगठनों ने उन्हें बधाई देते हुए इसे जबलपुर के लिए गौरव का क्षण बताया







