पुरुषोत्तम मास के पहले सोमवार पर गैविनाथ धाम में उमड़ा आस्था का सैलाब

सतना (बिरसिंहपुर) यश भारत । पुरुषोत्तम मास के प्रथम सोमवार को सतना जिले के बिरसिंहपुर स्थित प्राचीन गैविनाथ धाम में श्रद्धा और भक्ति का अद्भुत संगम देखने को मिला। तड़के सुबह से ही मंदिर परिसर में शिवभक्तों की लंबी कतारें लग गईं और “हर-हर महादेव” के जयघोष से पूरा क्षेत्र भक्तिमय हो उठा।
प्रदेश के विभिन्न जिलों और आसपास के ग्रामीण इलाकों से पहुंचे श्रद्धालुओं ने जलधारी के माध्यम से भगवान भोलेनाथ का जलाभिषेक किया। मंदिर प्रशासन द्वारा श्रद्धालुओं की सुविधा को ध्यान में रखते हुए विशेष व्यवस्थाएं की गई हैं। रविवार और सोमवार को अत्यधिक भीड़ को नियंत्रित करने के लिए जलधारी व्यवस्था लागू की गई है, जिससे श्रद्धालु व्यवस्थित रूप से अभिषेक कर सकें।
मंदिर समिति के अनुसार मंगलवार से शनिवार तक श्रद्धालु गर्भगृह में प्रवेश कर शिवलिंग का स्पर्श करते हुए स्वयं अभिषेक कर सकेंगे। इस व्यवस्था से भक्तों में खास उत्साह देखा जा रहा है।
श्रद्धालुओं की भारी भीड़ को देखते हुए प्रशासन भी पूरी तरह सतर्क नजर आया। मंदिर परिसर में पुलिस बल, स्वास्थ्य विभाग की टीम और स्वयंसेवकों को तैनात किया गया है ताकि दर्शन व्यवस्था सुचारु बनी रहे और किसी प्रकार की अव्यवस्था न हो।
धार्मिक मान्यता के अनुसार पुरुषोत्तम मास अत्यंत पुण्यदायी माना जाता है। कहा जाता है कि इस माह को स्वयं भगवान विष्णु ने अपना नाम प्रदान किया था। मान्यता है कि इस अवधि में पूजा-पाठ, दान, जप और व्रत करने से कई गुना अधिक पुण्य प्राप्त होता है। यही कारण है कि पूरे माह शिवालयों और विष्णु मंदिरों में विशेष धार्मिक आयोजन और भक्तों की भीड़ देखने को मिल रही है।
गैविनाथ धाम में उमड़ी आस्था की यह भीड़ न केवल धार्मिक उत्साह का प्रतीक बनी, बल्कि क्षेत्र की आध्यात्मिक परंपरा और जनआस्था को भी जीवंत करती नजर आई।







