महिला सशक्तिकरण, शिक्षा, स्वास्थ्य और साइबर सुरक्षा पर सारगर्भित परिचर्चा, महिलाओं को किया सम्मानित
अंतर्राष्ट्रीय महिला दिवस पर जिला स्तरीय कार्यक्रम

महिला सशक्तिकरण, शिक्षा, स्वास्थ्य और साइबर सुरक्षा पर सारगर्भित परिचर्चा, महिलाओं को किया सम्मानित
कटनी, यशभारत।अंतर्राष्ट्रीय महिला दिवस के अवसर पर महिला एवं बाल विकास विभाग द्वारा कलेक्टरेट सभाकक्ष में जिला स्तरीय कार्यक्रम का आयोजन किया गया। कार्यक्रम की अध्यक्षता आईएएस जिला पंचायत सीइओ हरसिमरन प्रीत कौर मार्गदर्शन कलेक्टर आशीष तिवारी ने प्रदान किया।
महिला परिचर्चा और विचार-विमर्श
कार्यक्रम की शुरुआत महिला परिचर्चा से हुई, जिसमें महिलाओं के सशक्तिकरण, आर्थिक स्वावलंबन, उच्च शिक्षा, स्वास्थ्य और कानूनी अधिकारों पर सारगर्भित चर्चा की गई।
हरसिमरनप्रीत कौर ने महिलाओं को अंतर्राष्ट्रीय महिला दिवस की शुभकामनाएं देते हुए ‘महिला सशक्तिकरण में आर्थिक स्वावलंबन की भूमिका’ पर विस्तार से चर्चा की। उन्होंने कहा कि आत्मनिर्भरता महिलाओं को निर्णय लेने की शक्ति, नए अवसर और जीवन में आगे बढ़ने की क्षमता देती है।
जिला कार्यक्रम अधिकारी प्रतिभा पाण्डेय ने कार्यक्रम की रूपरेखा प्रस्तुत करते हुए कहा आज प्रत्येक क्षेत्र में महिलाएं अग्रणी हैं और नये कीर्तिमान स्थापित कर रही हैं।
इस अवसर पर नगर पुलिस अधीक्षक नेहा पचीसिया ने महिलाओं को अपने अधिकारों के लिए सक्रिय होने की सलाह दी।
उप पुलिस अधीक्षक शिवा पाठक ने महिला संबंधित कानूनों और अधिनियमों की जानकारी दी।
प्राचार्य डॉ चित्रा प्रभात ने बालिकाओं को उच्च और तकनीकी शिक्षा में आगे बढ़ने की अपील की।
महिला चिकित्सक डॉ सुनीता वर्मा ने कन्या भ्रूण हत्या और बालिकाओं की स्थिति पर प्रकाश डाला।
नेत्र विशेषज्ञ डॉ शेफाली जैन महिलाओं के स्वास्थ्य और विश्व ग्लूकोमा वीक के संदर्भ में महत्वपूर्ण जानकारी दी। प्रबंधक, ई-गवर्नेंस सौरभ नामदेव ने महिलाओं के लिए साइबर सुरक्षा और ऑनलाइन सुरक्षा उपायों पर पीपीटी प्रस्तुति दी।
स्मरण चिन्ह और प्रमाण पत्र प्रदान कर सम्मान
कार्यक्रम के अंत में हरसिमरनप्रीत कौर ने विभिन्न क्षेत्रों में उत्कृष्ट योगदान देने वाली महिलाओं को स्मरण चिन्ह और प्रमाण पत्र प्रदान कर सम्मानित किया। सहायक संचालक वनश्री कुर्वेती सतीश पटेल, विद्या पाण्डेय आरती यादव और अनुपमा आटे, परियोजना अधिकारी विशेष रूप से उपस्थित रहीं।
कार्यक्रम ने महिलाओं के सशक्तिकरण, शिक्षा, स्वास्थ्य और सुरक्षा पर व्यापक चर्चा के माध्यम से जागरूकता बढ़ाई और उपस्थित सभी महिलाओं को प्रेरित किया। आयोजन में अधिकारियों और कर्मचारियों की सहभागिता ने इसे और भी प्रभावशाली बनाया।







