सीएनजी प्लांट गैस रिसाव: बड़ा हादसा टला, नियमों के उल्लंघन का खुलासा, रिसाव से दहशत

सागर यश भारत (संभागीय ब्यूरो)/ संभागीय मुख्यालय के सीमावर्ती औद्योगिक क्षेत्र चनाटोरिया स्थित ‘मेघा गैस सीएनजी प्लांट’ में अचानक भारी मात्रा में गैस का रिसाव हो गया। ज्वलनशील गैस के हवा में फैलते ही आसपास के क्षेत्र में हड़कंप और दहशत का माहौल बन गया। हालांकि, समय रहते तकनीकी टीम ने रिसाव पर काबू पा लिया, जिससे एक बड़ा हादसा टल गया और कोई जनहानि नहीं हुई।
बड़ा खुलासा: बिना अनुमति ‘रिटेल बिक्री’ का खेल
घटना के बाद हुए खुलासे ने प्लांट की सुरक्षा व्यवस्था और कार्यप्रणाली पर गंभीर सवाल खड़े कर दिए हैं। नियमों के मुताबिक, इस प्लांट के पास केवल सीएनजी गैस के भंडारण और प्रोसेसिंग की अनुमति है। इसके बावजूद प्लांट परिसर से सीधे आम ग्राहकों के वाहनों में सीएनजी भरी जा रही थी, जिसके लिए प्लांट के पास कोई रिटेल लाइसेंस नहीं है।
सुरक्षा पर गंभीर खतरा
भारी मात्रा में संग्रहित ज्वलनशील गैस वाले संवेदनशील स्थान पर आम वाहनों और लोगों की आवाजाही सुरक्षा की दृष्टि से बेहद खतरनाक है। रिसाव के दौरान यदि कोई छोटी सी चिंगारी या आग का स्रोत वहां होता, तो स्थिति भयावह हो सकती थी।
मामले की गंभीरता को देखते हुए जिला प्रशासन, पेट्रोलियम तथा विस्फोटक सुरक्षा संगठन और अग्निशमन विभाग ने संयुक्त रूप से उच्च स्तरीय जांच शुरू कर दी है। यह जांच मुख्य रूप से गैस रिसाव के तकनीकी कारणों तथा बिना अनुमति के प्लांट से सीधे रिटेल बिक्री क्यों और किसकी शह पर की जा रही थी, इन दो बिंदुओं पर की जा रही है।







