रात के अंधेरे में मुरूम का अवैध उत्खनन, माधवनगर थाने और इंद्रानगर बस्ती के पीछे टिकरिया सहित कई क्षेत्रों में खनिज संपदा का दोहन, पुलिस का संरक्षण, खनिज विभाग की मिलीभगत, कार्रवाई के नाम पर केवल रस्म अदायगी

कटनी, यशभारत। माधवनगर थाने के पीछे एक बार फिर मुरूम के अवैध उत्खनन का खेल शुरू हो गया है। सत्ता से जुड़े कतिपय खनन माफिया द्वारा रात के अंधेरे में बड़ी-बड़ी मशीनें लगाकर मुरूम और बाक्साइट की खुदाई की जा रही है और फिर हाईवा और डम्फर से इसका परिवहन किया जा रहा है। आश्चर्य इस बात का है कि थाने से चंद कदमों की दूरी पर हो रहे इस अवैध उत्खनन के खिलाफ कार्रवाई की जहमत न तो पुलिस उठा रही है और न ही खनिज विभाग के अधिकारी। ऐसा नहीं है कि अधिकारियों को इसकी जानकारी नहीं है, लेकिन इसके बाद भी कार्रवाई करने से परहेज किया जा रहा है। इसी तरह कुठला थाना क्षेत्र के अंतर्गत करीब एक दर्जन से अधिक स्थानों पर खनिज संपदा का अवैध रूप से उत्खनन करते हुए सरकार को लाखों रूपए के राजस्व की हानि पहुंचाई जा रही है। जानकारी के मुताबिक इंद्रानगर बस्ती के पीछे टिकरिया और शाहनगर रोड पर कई स्थानों पर मुरूम की चोरी की जा रही है।
कटनी सहित पूरे जिले में खनिज संपदा का खुलेआम उत्खनन किया जा रहा है। प्रशासन के आला-अधिकारी केवल रस्म अदायगी के लिए कार्रवाई कर रहे हैं। पूरे जिले में मुरूम से लेकर नदी-नालों से रेत का परिवहन, पहाड़ों को तोडक़र पत्थर जैसी कई खनिज संपदाओं का चोरी कर प्रशासन को क्षति व पर्यावरण को नुकसान पहुंचाया जा रहा है। पुलिस के संरक्षण और खनिज विभाग की मिलीभगत से एक बार फिर खनिज माफिया सक्रिय हो गए हैं। खनिज माफिया बड़े पैमाने पर खनिज संपदा का दोहन करने में लगे हुए हैं।
शासन को लाखों के राजस्व का नुकसान
मुरूम सहित अन्य खनिज संपदा का अवैध उत्खनन और परिवहन कर माफिया शासन को लाखों के राजस्व का नुकसान पहुंचाया जा रहा है। सब कुछ जानकर भी जिम्मेदार अधिकारी आंख मूंद कर बैठे हुए हैं। अधिकारियों की लापरवाही का अंदाजा इसी से लगाया जा सकता है कि जिला मुख्यालय से लगे माधवनगर थाने के पीछे और इंद्रानगर बस्ती के पीछे ग्राम टिकरिया में रात के अंधेरे में जेसीबी और पोकलिन लगाकर मुरूम का अवैध उत्खनन किया जा रहा है। मुरूम के अवैध उत्खनन की वजह से यहां बड़ी-बड़ी खाई बन चुकी है। इससे पर्यावरण को भी नुकसान पहुंच रहा है।
शासकीय जमीन पर अवैध उत्खनन
यह अवैध उत्खनन शासकीय जमीन पर चल रहा है। जिससे रोजाना दिन और रात सैकड़ों डंपर मुरम का उत्खनन किया जा रहा है। जिस जगह पर मुरूम का अवैध उत्खनन हो रहा है, वह राजस्व अभिलेख में शासकीय भूमि दर्ज है। लोगों ने बताया कि पहले रात में यह काम होता था, अब दिन-रात चल रहा है। कोई यहां विरोध नहीं कर सकता, नहीं तो धमकियां दी जाती हैं।
यहां हो रहा अवैध उत्खनन
माधवनगर थाने के पीछे
इंद्रानगर
ग्राम टिकरिया
ग्राम पौंसरा
कैलवाराकला
कैलवाराखुर्द
इमलिया







