बड़ी खबर : वन्यजीव तस्करी मामले में 15 आरोपी दोषी करार, तीन साल की सजा और जुर्माना किया न्यायालय ने
कटनी, यश भारत। वर्ष 2016 में वन्यजीवों के शिकार और तस्करी से जुड़े एक बहुचर्चित मामले में ढीमरखेड़ा की न्यायालय ने बड़ा फैसला सुनाया है। सैलारपुर निवासी इंदल सिंह गौड़ के पास से करीब 3 किलो पेंगोलीन (सालू) के स्केल बरामद किए गए थे। जांच में खुलासा हुआ कि स्केल्स दुर्लभ वन्यजीव पेंगोलीन का शिकार कर उबालकर अलग किए गए थे। डीएफओ गौरव शर्मा ने बताया कि वन विभाग की जांच और इंदल सिंह की निशानदेही पर कुल 15 आरोपियों को गिरफ्तार किया गया। ये आरोपी अंतरराज्यीय गिरोह का हिस्सा थे, जिन्हें मध्य प्रदेश के कटनी, टीकमगढ़, पन्ना और उत्तर प्रदेश के झांसी जिलों से पकड़ा गया था। इस मामले की सुनवाई ढीमरखेड़ा स्थित प्रथम श्रेणी न्यायालय में हुई, जहां विशेष लोक अभियोजक मंजुला श्रीवास्तव और एडीपीओ विनोद पटेल ने सशक्त पैरवी की। न्यायाधीश पूर्वी तिवारी ने सभी 15 आरोपियों को दोषी मानते हुए तीन-तीन वर्ष के सश्रम कारावास और कुल 3 लाख 80 हजार रुपये के जुर्माने की सजा सुनाई है। कटनी, यश भारत। वर्ष 2016 में वन्यजीवों के शिकार और तस्करी से जुड़े एक बहुचर्चित मामले में ढीमरखेड़ा की न्यायालय ने बड़ा फैसला सुनाया है। सैलारपुर निवासी इंदल सिंह गौड़ के पास से करीब 3 किलो पेंगोलीन (सालू) के स्केल बरामद किए गए थे। जांच में खुलासा हुआ कि स्केल्स दुर्लभ वन्यजीव पेंगोलीन का शिकार कर उबालकर अलग किए गए थे। डीएफओ गौरव शर्मा ने बताया कि वन विभाग की जांच और इंदल सिंह की निशानदेही पर कुल 15 आरोपियों को गिरफ्तार किया गया। ये आरोपी अंतरराज्यीय गिरोह का हिस्सा थे, जिन्हें मध्य प्रदेश के कटनी, टीकमगढ़, पन्ना और उत्तर प्रदेश के झांसी जिलों से पकड़ा गया था। इस मामले की सुनवाई ढीमरखेड़ा स्थित प्रथम श्रेणी न्यायालय में हुई, जहां विशेष लोक अभियोजक मंजुला श्रीवास्तव और एडीपीओ विनोद पटेल ने सशक्त पैरवी की। न्यायाधीश पूर्वी तिवारी ने सभी 15 आरोपियों को दोषी मानते हुए तीन-तीन वर्ष के सश्रम कारावास और कुल 3 लाख 80 हजार रुपये के जुर्माने की सजा सुनाई है।








