बड़ी खबर : दीवार फांदने की सोची भी तो लगेगा 440 वोल्ट का झटका: केदियो की फरारी के किस्सों पर लगेगा ताला, धूप की ताकत से पहरेदारी करेगी जेल की दीवार…. देखें पूरा वीडियो

सिवनी यश भारत:-जिला जेल सिवनी और उप-जेल लखनादौन की सुरक्षा व्यवस्था को और मजबूत करने की तैयारी की जा रही है। जेल की बाहरी दीवारों पर सोलर पैनल से संचालित इलेक्ट्रिक फेसिंग लगाने का प्रस्ताव सामने आया है। हालांकि इस संबंध में अभी अंतिम निर्णय नहीं हुआ है। प्रस्तावित व्यवस्था का मुख्य उद्देश्य जेल की ऊंची दीवारों को अतिरिक्त सुरक्षा कवच प्रदान करना तथा कैदियों के भागने की संभावनाओं को रोकना है।
प्रस्तावित इलेक्ट्रिक फेसिंग सोलर ऊर्जा से संचालित होगी। फेसिंग को छूने अथवा उसे पार करने का प्रयास करने पर व्यक्ति को विद्युत झटका महसूस होगा। सुरक्षा मानकों के अनुरूप सिस्टम को इस प्रकार डिजाइन किया जाना प्रस्तावित है कि इसका उद्देश्य किसी व्यक्ति को गंभीर नुकसान पहुंचाना नहीं, बल्कि उसे दीवार पार करने से रोकना और सुरक्षा कर्मियों को तत्काल सतर्क करना हो। इसके साथ ही जेल परिसर में निगरानी व्यवस्था को भी मजबूत किए जाने की उम्मीद है।
दो बार हो चुकी है फरारी की घटना
सिवनी जिला जेल में पूर्व में कैदियों के फरार होने की घटनाएं सामने आ चुकी हैं। 2 सितंबर 2015 को आजीवन कारावास की सजा काट रहा कैदी केहरी सिंह जेल प्रहरी को चकमा देकर फरार हो गया था। वह पानी की मोटर चालू कराने के लिए प्रहरी के साथ बाहर निकला था और मौका पाकर भाग गया। मामले में संबंधित जेल प्रहरी को निलंबित किया गया था।
इसके बाद 14 जनवरी 2026 को जिला जेल सिवनी से तीन विचाराधीन कैदी करीब 20 फीट ऊंची दीवार फांदकर फरार हो गए थे। तीनों गंभीर मामलों में बंद थे। हालांकि अगले दिन 15 जनवरी को उनके परिजन तीनों को वापस जेल लेकर पहुंचे थे।
नगझर स्थित जिला जेल में वर्तमान में करीब 288 कैदी निरुद्ध हैं। कैदियों की संख्या समय-समय पर कम-ज्यादा होती रहती है। जेल परिसर में आठ बैरक हैं और बाहरी दीवार की ऊंचाई करीब 22 फीट से अधिक बताई गई है। इतनी ऊंची दीवार के बावजूद पूर्व में कैदियों के फरार होने की घटनाओं के बाद सुरक्षा व्यवस्था की समीक्षा की जा रही है।
जेल प्रशासन द्वारा आधुनिक सुरक्षा तकनीक के उपयोग पर जोर दिया जा रहा है। सोलर इलेक्ट्रिक फेसिंग लगाए जाने से दीवारों की सुरक्षा बढ़ने के साथ ही रात के समय भी निगरानी व्यवस्था मजबूत होने की उम्मीद है। यदि प्रस्ताव को मंजूरी मिलती है तो सिवनी के साथ उप-जेल लखनादौन में भी यह अतिरिक्त सुरक्षा व्यवस्था लागू की जा सकती है।







