तालाब किनारे दो भाइयों पर बम से हमला करने वाले आरोपी गिरफ्तार, दो नाबालिग शामिल
पुराने विवाद ने लिया खतरनाक रूप

तालाब किनारे दो भाइयों पर बम से हमला करने वाले आरोपी गिरफ्तार, दो नाबालिग शामिल
जबलपुर। माढ़ोताल थाना क्षेत्र में ग्रीन सिटी तालाब के पास दो भाइयों पर किए गए जानलेवा बम हमले के मामले में पुलिस ने त्वरित कार्रवाई करते हुए सभी आरोपियों को गिरफ्तार कर लिया है। गिरफ्तार आरोपियों में दो नाबालिग भी शामिल हैं, पुलिस ने आरोपियों के खिलाफ भारतीय न्याय संहिता की विभिन्न धाराओं के साथ-साथ विस्फोटक अधिनियम के तहत मामला दर्ज कर लिया है। थाना प्रभारी वीरेंद्र पवार के अनुसार अनुसार, घटना 28 मार्च की शाम करीब 6:30 बजे की है। पीड़ित सचिन उपाध्याय अपने बड़े भाई के साथ मोटरसाइकिल से भोलानगर रोड होते हुए ग्रीन सिटी की ओर से अपने घर लौट रहा था। इसी दौरान तालाब के किनारे पहले से मौजूद तीन युवकों ने उन्हें रोक लिया। बताया जाता है कि आरोपियों और पीड़ित के बीच पहले से ही विवाद चल रहा था।पीड़ित के अनुसार, आरोपियों ने उन्हें देखते ही गाली-गलौज शुरू कर दी और जान से मारने की धमकी देने लगे। विवाद बढ़ने पर एक आरोपी ने अपने पास रखा देसी बम निकालकर दोनों भाइयों की ओर फेंक दिया। अचानक हुए इस हमले से दोनों भाई घबरा गए, लेकिन उन्होंने तत्परता दिखाते हुए तुरंत झुककर खुद को बचा लिया।बम उनके पास ही गिरकर जोरदार धमाके के साथ फट गया, जिससे मौके पर धुआं और आग निकलने लगी। धमाके की आवाज सुनकर आसपास के लोग भी सहम गए और कुछ समय के लिए इलाके में दहशत का माहौल बन गया। यदि बम सीधे लगता, तो गंभीर जनहानि हो सकती थी।
घटना को अंजाम देने के बाद आरोपी मौके से फरार हो गए थे। मामले की सूचना मिलते ही माढ़ोताल पुलिस सक्रिय हुई और आरोपियों की तलाश शुरू कर दी। पुलिस ने घटनास्थल का निरीक्षण कर साक्ष्य एकत्र किए और आसपास के क्षेत्र में आरोपियों की तलाश के लिए दबिश दी।
जांच के दौरान पुलिस ने सभी आरोपियों को गिरफ्तार कर लिया। इनमें से दो आरोपी नाबालिग हैं, जिन्हें किशोर न्याय अधिनियम के तहत न्यायालय के समक्ष प्रस्तुत किया जाएगा, जबकि एक वयस्क आरोपी के खिलाफ नियमानुसार कार्रवाई की जा रही है।
पुराने विवाद ने लिया खतरनाक रूप
प्रारंभिक जांच में सामने आया है कि आरोपियों और पीड़ित के बीच पहले से विवाद चल रहा था, जो इस घटना का कारण बना। पुलिस इस बात की भी जांच कर रही है कि आरोपियों के पास देसी बम कहां से आया और क्या इसमें अन्य लोग भी शामिल हैं।
समय रहते झुकने से बची जान
घटना के दौरान दोनों भाइयों ने सतर्कता दिखाते हुए तुरंत झुककर अपनी जान बचा ली। यदि वे ऐसा नहीं करते, तो बम सीधे लग सकता था और गंभीर हादसा हो सकता था।







