भूलने की बिमारी से ग्रस्त रिटायर्ड एसडीओ ने केरोसिन डालकर खुद को आग लगाई, मौत -एक दिन बाद अस्पताल में दमतोड़ा, मर्ग कायम कर जांच में जुटी पुलिस

भूलने की बिमारी से ग्रस्त रिटायर्ड एसडीओ ने केरोसिन डालकर खुद को आग लगाई, मौत
-एक दिन बाद अस्पताल में दमतोड़ा, मर्ग कायम कर जांच में जुटी पुलिस
भोपाल यशभारत।
कोलार इलाके में अल्जाइमर की बीमारी से ग्रस्त एक रिटायर्ड एसडीओ ने गुरूवार शाम खुद को बाथरूम में बंद कर केरोसिन डालकर आग के हवाले कर दिया था। घटना का पता चलने पर बेटों ने गेट तोडक़र उन्हें बाहर निकाला और आग बुझाकर अस्पताल में भर्ती कराया। जहां पर कल उनकी उपचार के दौरान मौत हो गई। पुलिस ने मर्ग कामय कर मामले की जांच शुरू कर दी है। आज पीएम के बाद शव परिजनों को सौंप दिया जाएगा।
एसआई सुनील इवनाती के मुताबिक आर्शीवाद कॉलोनी निवासी रमेश चंद्र वर्मा(79) रिटायर्ड एसडीओ थे। उनके बेटे सपन और तपन हैं, और वह उनके साथ ही रहते हैं। सपन बैंककर्मी है, जबकि तपन स्वंय का कारोबार करता है। गुरूवार शाम रमेश चंद्र वर्मा ने खुद को बाथरूम में बंद कर लिया और केरोसिन डालकर खुद को आग के हवाले कर दिया। तभी उनकी बहू चाय लेकर फस्ट फ्लोर पर पहुंची तो देखा बाथरूम से चीख पुकार की आवाज आ रही थी और धुआं निकल रहा था। यह देख उसने अपने पति व देवर को सूचना दी। इसके बाद सपन और तपन ने घर पहुंच कर बाथरूम का गेट तोड़ा और आग बुझाकर अपने पिता को एक निजी अस्पताल में भर्ती कराया। जहां पर उपचार के दौरान उनकी कल मौत हो गई। अस्पताल की सूचना पर पहुंची पुलिस ने मृतक का शव बरामद कर उसे पोस्टमार्टम के लिए अस्पताल भेज दिया। पुलिस को पूछताछ के दौरान पता चला है कि मृतक रमेशचंद्र वर्मा को भूलने की (अल्जाइमर) बीमारी थी, जिसके कारण वह अक्सर परेशान रहते थे।
शराब के नशे में फांसी लगाई
गोविंदपुरा थाना पुलिस ने बताया कि शांति नगर निवासी विजय प्रसाद पुत्र नीबूलाल (29) मजूदरी करता था। बीती रात वह शराब पीकर घर पहुंचा और कमरे में जाकर सौ गया। सुबह जब परिजनों ने देखा तो वह फांसी के फंदे पर लटका हुआ था। बताया जाता है कि उसने शराब के नशे में फांसी लगाई है। उधर, बिलखिरिया पुलिस ने बताया कि कोकता मुन्नालाल पुत्र दौलत राम (40) कोकता में रहता था। कल दोपहर उसने फांसी लगाकर खुदकुशी कर ली।







