भोपाल

सुपरक्रिटिकल पावर तकनीक विकसित करने में अहम भूमिका निभा रहा भेल  – गुणवत्ता पूर्वक किया जाए काम इस पर दिया जा रह ध्यान

सुपरक्रिटिकल पावर तकनीक विकसित करने में अहम भूमिका निभा रहा भेल
– गुणवत्ता पूर्वक किया जाए काम इस पर दिया जा रह ध्यान
भोपाल यशभारत। भारत हेवी इलेक्ट्रिकल्स लिमिटेड (भेल) सुपरक्रिटिकल पावर तकनीक विकसित करने में अहम भूमिका निभा रहा है। गुणवत्ता पूर्वक काम किया जाए इस पर सबसे अधिक ध्यान केंद्रित किया जा रहा है। कई बड़े आर्डर प्राप्त हुए हैं जिसके कारण वित्तीय वर्ष में बेहतर प्रदर्शन किया गया है। भारत हेवी इलेक्ट्रिकल्स लिमिटेड भोपाल के महाप्रबंधक टीयू सिंह ने यशभारत से विशेष चर्चा के दौरान कही है। उन्होंने भोपाल भेल में आगामी कार्ययोजना को लेकर जानकार भी दी। महाप्रबंधक सिंह ने बताया कि सुपर क्रिटिकल पावर तकनीक को लेकर किए जा रहे काम में भोपाल भेल प्रबंधन लीड रोल में है। सभी कर्मचारी अधिकारियों के संयुक्त प्रयासों से यह संभव हो सका है। नया कीर्तिमान रचने की ओर हम अग्रसर हैं। पिछले वर्षों की तुलना में कई बड़े आर्डर प्राप्त किए गए हैं जिन्हें पूरा करने के लिए दिन रात एक कर रहे हैं।
अर्थव्यवस्था को मजबूत करने में महत्वपूर्ण भूमिका निभा रहे
महाप्रबंधक सिंह ने बताया कि भोल भारत की अग्रणी इंजीनियरिंग और विनिर्माण कंपनी है, जो अर्थव्यवस्था को मजबूत करने में महत्वपूर्ण भूमिका निभा रही है। 200 गीगावाट से अधिक विद्युत उपकरण आपूर्ति किए हैं और 1000 से अधिक विद्युत संयंत्रों को सहायता प्रदान की है, जिसमें देश की 48 प्रतिशत परमाणु ऊर्जा और 44 प्रतिशत जलविद्युत क्षमता शामिल है। ताप विद्युत क्षमता में 54 प्रतिशत, परमाणु ऊर्जा क्षमता में 57 प्रतिशत और जल विद्युत क्षमता में 44 प्रतिशत हिस्सेदारी थी।
तीन सुपरक्रिटिकल थर्मल पावर परियोजनाओं को विकसित किया जा रहा
सुपरक्रिटिकल थर्मल पावर परियोजना के बारे में उन्होंने बताया कि परियोजनाओं को विकसित करने की दिशा में काम किया जा रहा है। तेलंगाना, छत्तीसगढ़ के साथ ही अब मप्र की भी भागीदारी रहेगी। प्राप्त जानकारी के अनुसार कुल अनुबंध मूल्य 110 अरब रुपये से अधिक है।
वित्त वर्ष में प्राप्त किए रिकार्ड आर्डर
भेल ने वित्त वर्ष में रिकार्ड आर्डर प्राप्त किए हैं। 2024-2025 के आंकड़ों को देखा जाए तो १९ प्रतिशत वृद्धि दर्ज की गई जबकि 2023-24 में प्राप्त राजस्व से 10 प्रतिशत अधिक है। 2024-25 में बीएचईएल ने अपना शुद्ध घाटा 2.68 अरब रुपये से घटाकर 1.05 अरब रुपये कर लिया था।
स्पोर्ट काम्पलेक्स को दिया जाएगा स्वरूप
सिंह ने बताया कि गोविंदपुरा स्थित स्पोर्ट काम्पलेक्स में खेलों के लिए कई तरह की सुविधाएं मुहैया कराई जा रही हैं। इस दिशा में काम तेजी से किया जा रहा है। खिलाडिय़ों को उन्नत तकनीक से अवगत कराया जा सके इसके लिए भी प्रयास किया जा रहा है। मेजर ध्यानचंद की जयंती को खेल दिवस के रूप में मनाया जाएगा कई तरह के आयोजन भी कराने के लिए कार्ययोजना तैयार की गई है।

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