एक शाम छींद वाले दादाजी के नाम का 34वां सुंदरकांड पाठ संपन्न – 48 सनातन धर्म प्रेमियों का सम्मान, 27 श्रद्धालुओं को रामायण व शिवपुराण भेंट

एक शाम छींद वाले दादाजी के नाम का 34वां सुंदरकांड पाठ संपन्न
– 48 सनातन धर्म प्रेमियों का सम्मान, 27 श्रद्धालुओं को रामायण व शिवपुराण भेंट
भोपाल, यश भारत । राजधानी में आयोजित होने वाली धार्मिक आयोजन श्रृंखला एक शाम छींद वाले दादाजी के नाम के अंतर्गत 34वां संगीतमय सुंदरकांड पाठ श्रद्धा और भक्तिभाव के साथ संपन्न हुआ। शिवाजी नगर स्थित परशुराम मंदिर में आयोजित इस कार्यक्रम में बड़ी संख्या में श्रद्धालुओं ने भाग लेकर सुंदरकांड पाठ में सहभागिता की। पूरे आयोजन के दौरान रामभक्ति और हनुमानजी के जयघोष से वातावरण भक्तिमय बना रहा।
कार्यक्रम में सिद्धपीठ करुणाधाम आश्रम के पीठाधीश्वर सुदेश शांडिल्य महाराज एवं पूज्य गुरुमाता की विशेष उपस्थिति और आशीर्वाद प्राप्त हुआ। इस अवसर पर मातृशक्तियों को बंगाल का पाउडर सिंदूर और सुहाग सामग्री श्रद्धापूर्वक वितरित की गई, जिससे आयोजन की आध्यात्मिक और सांस्कृतिक गरिमा और बढ़ गई।
इस अवसर पर महामंडलेश्वर महंत अनिलानंद जी और राष्ट्रीय कथाकार मुकेश महाराज की गरिमामयी उपस्थिति भी रही। उनके सान्निध्य में 48 सनातन धर्म प्रेमियों को उनके जन्मदिन और वैवाहिक वर्षगांठ के अवसर पर सम्मानित किया गया। इस सम्मान परंपरा ने आयोजन को सामाजिक और पारिवारिक दृष्टि से भी विशेष बना दिया। डॉ. अनिल भार्गव वायु ने बताया कि यह श्रृंखला भक्ति, सेवा, सम्मान और सनातन संस्कृति के प्रसार के उद्देश्य से निरंतर आयोजित की जा रही है। इसी क्रम में राम का आधार रामायण वितरण योजना के अंतर्गत 27 श्रद्धालुओं को श्रीरामचरितमानस अर्थ सहित और श्री शिव महापुराण अर्थ सहित भेंट किए गए। इसके अलावा श्रद्धालुओं को तुलसी माला, अभिमंत्रित रुद्राक्ष माला और अन्य धार्मिक सामग्री भी प्रदान की गई।
समापन सत्र में पंडित गिरीश शर्मा, बच्चन आचार्य और आशुतोष मिश्रा ने मधुर संगीत के साथ हनुमान चालीसा का सामूहिक पाठ कराया। उनकी सुरमयी प्रस्तुति से पूरा वातावरण भक्ति रस में सराबोर हो गया। आयोजकों के अनुसार यह आयोजन सनातन धर्म और सामाजिक समरसता को मजबूत करने की दिशा में महत्वपूर्ण भूमिका निभा रहा है।







