राजस्व न्यायालय में आत्मदाह की कोशिश : महत्वपूर्ण फाइल गुम होने से परेशान पीड़ित ने पेट्रोल डालकर लगाई आग, समय रहते बची जान

सतना। रामपुर बाघेलान तहसील के राजस्व न्यायालय में गुरुवार को उस वक्त अफरा-तफरी मच गई जब एक पीड़ित व्यक्ति ने एसडीएम की मौजूदगी में पेट्रोल डालकर आत्मदाह करने का प्रयास किया। गनीमत रही कि मौके पर मौजूद तहसील कर्मियों और अधिवक्ताओं ने सूझबूझ दिखाते हुए माचिस की तीली छीन ली और तत्काल व्यक्ति को काबू में लेकर उसकी जान बचा ली।
जानकारी के अनुसार, उक्त व्यक्ति अपनी ज़मीन से संबंधित एक मामले को लेकर लंबे समय से न्याय की आस में तहसील कार्यालय के चक्कर काट रहा था। बताया जा रहा है कि उसकी महत्वपूर्ण फाइल न्यायालय से रहस्यमय तरीके से गायब हो गई थी, जिस कारण उसे लगातार सुनवाई से वंचित रहना पड़ रहा था। कई बार आवेदन देने और अधिकारियों से गुहार लगाने के बाद भी जब उसे कोई संतोषजनक उत्तर नहीं मिला, तो वह मानसिक रूप से पूरी तरह टूट गया।
घटना के समय राजस्व न्यायालय में कार्यवाही चल रही थी और एसडीएम स्वयं कक्ष में मौजूद थे। जैसे ही पीड़ित ने अचानक अपने ऊपर पेट्रोल उड़ेलना शुरू किया, वहां मौजूद कर्मचारियों में हड़कंप मच गया। कर्मचारियों और अधिवक्ताओं ने तत्परता से उसे रोका और आत्मदाह की कोशिश को विफल कर दिया।
इस घटना ने तहसील की कार्यप्रणाली और प्रशासनिक लापरवाही पर गंभीर सवाल खड़े कर दिए हैं। एक ओर जहां आम जनता न्याय के लिए सरकारी दफ्तरों के चक्कर लगाकर परेशान हो रही है, वहीं दूसरी ओर फाइलों का इस तरह ‘गायब’ हो जाना व्यवस्था की निष्क्रियता को उजागर करता है।
घटना के बाद पीड़ित व्यक्ति को पुलिस अभिरक्षा में लिया गया है और मामले की जांच के आदेश दे दिए गए हैं। एसडीएम ने कहा है कि मामले की गंभीरता को देखते हुए उच्च अधिकारियों को रिपोर्ट भेजी जाएगी और फाइल गुम होने के कारणों की जांच की जाएगी।







