मुख्यमंत्री ने पुलिस हेडक्वार्टर में अचानक बैठक ली, कड़ी कार्रवाई के निर्देश — रायसेन SP अटैच, मिसरोद TI हटाए गए

भोपाल। रात 8:15 बजे मुख्यमंत्री अचानक पुलिस मुख्यालय पहुँचे और प्रदेश की कानून-व्यवस्था की स्थिति पर उच्च स्तरीय बैठक ली। बैठक में मुख्य सचिव (CS), डीजीपी, एडीजी इंटेलिजेंस, पुलिस कमिश्नर भोपाल सहित वरिष्ठ अधिकारी मौजूद रहे।बैठक के दौरान मुख्यमंत्री ने विभिन्न जिलों में हाल के घटनाक्रमों पर कड़ा असंतोष व्यक्त किया—
■ रायसेन प्रकरण पर नाराज़गी
मुख्यमंत्री ने रायसेन में हुई घटना में अब तक गिरफ्तारी न होने पर नाराज़गी जताई। कार्रवाई में देरी को गंभीरता से लेते हुए उन्होंने पुलिस अधीक्षक रायसेन को मुख्यालय अटैच करने के निर्देश दिए।
■ मंडीदीप चक्का जाम पर पुलिस की ढिलाई पर फटकार
मंडीदीप में हुए चक्का जाम के दौरान पुलिस की कमजोर कार्रवाई पर उन्होंने तीखी नाराज़गी व्यक्त की।
■ भोपाल में बढ़ते अपराधों पर कमिश्नर से जवाब-तलब
राजधानी भोपाल में लगातार हो रही आपराधिक वारदातों को लेकर मुख्यमंत्री ने पुलिस कमिश्नर से जवाब-तलब किया । सभी वारदातों की विस्तृत रिपोर्ट बैठक में ली गई।

■ मुख्यमंत्री के निर्देश — कार्रवाई में किसी भी तरह की ढिलाई बर्दाश्त नहीं
मुख्यमंत्री ने स्पष्ट निर्देश दिए—मिसरोद थाना प्रभारी को तत्काल हटाया जाए।पुलिस सड़कों पर उतरकर सक्रिय गश्त बढ़ाए।किसी भी अपराधी को बख्शा न जाए, कठोर कार्रवाई की जाए।गश्त, पेट्रोलिंग और रात्रि सुरक्षा को सख्ती से बढ़ाया जाए।लापरवाही पाए जाने पर अधिकारियों पर कार्रवाई की जाए।वरिष्ठ अधिकारी स्वयं निरीक्षण करें और फील्ड पर उपस्थिति दर्ज कराएँ।
मुख्यमंत्री की यह अचानक बैठक प्रदेश में कानून-व्यवस्था को लेकर सरकार की जीरो टॉलरेंस नीति का संकेत मानी जा रही है।







