विश्व विजेता भारत: वैभव के सूर्या धमाके से इंग्लैंड पस्त, छठी बार जीता वर्ल्ड कप

विश्व विजेता भारत: वैभव के सूर्या धमाके से इंग्लैंड पस्त, छठी बार जीता वर्ल्ड कप
भोपाल, यश भारत।भारतीय अंडर-19 टीम ने इतिहास दोहराते हुए आईसीसी अंडर-19 वर्ल्ड कप 2026 के फाइनल में इंग्लैंड को 100 रनों से करारी शिकस्त दे दी है। दक्षिण अफ्रीका की धरती पर खेले गए इस खिताबी मुकाबले में भारत ने न केवल छठी बार ट्रॉफी पर कब्जा जमाया, बल्कि फाइनल के इतिहास का सबसे बड़ा स्कोर (411 रन) बनाकर क्रिकेट जगत को हैरान कर दिया। कप्तान आयुष म्हात्रे की अगुवाई में भारत ने पूरे टूर्नामेंट में अपना दबदबा बनाए रखा।
वैभव का ‘विराट’ रिकॉर्ड: 80 गेंदों में 175 रन
टॉस जीतकर पहले बल्लेबाजी करने उतरी भारतीय टीम की शुरुआत भले ही धीमी रही, लेकिन सलामी बल्लेबाज वैभव सूर्यवंशी ने मैदान पर उतरते ही तबाही मचा दी। वैभव ने महज 55 गेंदों में अपना शतक पूरा किया, जो अंडर-19 वर्ल्ड कप इतिहास का दूसरा सबसे तेज शतक है। उन्होंने अपनी 175 रनों की पारी में 15 गगनचुंबी छक्के और 15 चौके जड़े। एक समय भारत 450 के करीब दिख रहा था, लेकिन वैभव के आउट होने के बाद पारी थोड़ी धीमी हुई। कप्तान म्हात्रे ने 53 और अभिज्ञान ने 40 रनों का अहम योगदान दिया।
इंग्लैंड का मिडिल ऑर्डर हुआ ध्वस्त
412 रनों के विशाल लक्ष्य का पीछा करने उतरी इंग्लैंड की टीम एक समय 174 रन पर 3 विकेट खोकर संघर्ष कर रही थी। बेन डॉकिन्स (66) और बेन मेयस (45) ने भारतीय गेंदबाजों को छकाया, लेकिन जैसे ही यह साझेदारी टूटी, इंग्लैंड की पारी ताश के पत्तों की तरह ढह गई। महज 3 रन के भीतर टीम ने 4 विकेट गंवा दिए।
फाल्कनर का शतक गया बेकार
अंत में कालेब फाल्कनर ने तूफानी बल्लेबाजी करते हुए 67 गेंदों में 115 रन बनाए और टीम को 300 के पार पहुंचाया, लेकिन दूसरे छोर से साथ न मिलने के कारण इंग्लैंड 40.2 ओवर में 311 पर सिमट गई। भारत के लिए अंबरीश ने 3, जबकि दीपेश और कनिष्क ने 2-2 विकेट चटकाए।
छठी बार ‘सिरमौर’ बना भारत
भारतीय टीम ने अंडर-19 क्रिकेट में अपनी बादशाहत कायम रखी है। यह भारत का छठा खिताब है:
2000: मोहम्मद कैफ (कप्तान)
2008: विराट कोहली (कप्तान)
2012: उन्मुक्त चंद (कप्तान)
2018: पृथ्वी शॉ (कप्तान)
2022: यश धुल (कप्तान)
2026: आयुष म्हात्रे (कप्तान)







