प्रदेश के तकनीकी शिक्षा तंत्र में बड़ा बदलाव: RGPV तीन हिस्सों में बँटेगा, सीएम ने की घोषणा

प्रदेश के तकनीकी शिक्षा तंत्र में बड़ा बदलाव: RGPV तीन हिस्सों में बँटेगा, सीएम ने की घोषणा
अभाविप के प्रांत अधिवेशन में मुख्यमंत्री डॉ. मोहन यादव का बड़ा निर्णय, छात्र हितों की जीत
भोपाल,यशभारत। मध्यप्रदेश के तकनीकी शिक्षा क्षेत्र में सुधार की दिशा में राज्य सरकार ने एक ऐतिहासिक कदम उठाया है। मुख्यमंत्री डॉ. मोहन यादव ने रविवार को रतलाम में आयोजित अखिल भारतीय विद्यार्थी परिषद (अभाविप) के प्रांत अधिवेशन के दौरान घोषणा की कि राजीव गांधी प्रौद्योगिकी विश्वविद्यालय (RGPV) को अब तीन स्वतंत्र हिस्सों में विभाजित किया जाएगा।
प्रशासनिक सुगमता और पारदर्शिता पर जोर
मुख्यमंत्री ने कार्यक्रम को संबोधित करते हुए कहा कि RGPV का कार्यक्षेत्र अत्यधिक विस्तृत होने के कारण प्रशासनिक चुनौतियों का सामना करना पड़ रहा था। विश्वविद्यालय के विभाजन से न केवल कामकाज में पारदर्शिता आएगी, बल्कि प्रदेश के सुदूर क्षेत्रों में पढ़ रहे तकनीकी छात्रों को अपनी डिग्री, अंकसूची और अन्य शैक्षणिक कार्यों के लिए बार-बार राजधानी के चक्कर नहीं लगाने पड़ेंगे।
अभाविप की बड़ी सफलता
अखिल भारतीय विद्यार्थी परिषद ने इस निर्णय को अपनी वैचारिक और संगठनात्मक जीत बताया है। अभाविप लंबे समय से विश्वविद्यालय के विकेंद्रीकरण की मांग कर रही थी ताकि तकनीकी शिक्षा का स्तर सुधारा जा सके और भ्रष्टाचार पर लगाम लगाई जा सके। संगठन के पदाधिकारियों का कहना है कि यह निर्णय लाखों छात्रों के भविष्य को सुरक्षित करने वाला है।
छात्रों को क्या होगा लाभ?
विश्वविद्यालय के छोटे हिस्सों में बँटने से कॉलेजों की मॉनिटरिंग बेहतर तरीके से हो सकेगी। प्रशासनिक केंद्रों के पास होने से छात्रों के दस्तावेजों का वेरिफिकेशन और अन्य कार्य तेजी से होंगे। विकेंद्रीकरण से अनुसंधान (Research) और नवाचार पर केंद्रित होने के लिए क्षेत्रीय इकाइयों को अधिक स्वायत्तता मिलेगी।







