जबलपुरभोपालमध्य प्रदेशराज्य

खितोला बैंक डकैती –

जिन्हें उठाने गई पुलिस वह परिवार सहित गायब

जबलपुर यश भारत। सोमवार की सुबह सिहोरा के खितौला तिराहा की समीप इसाफ स्माल फाइनेंस बैंक में हुई 15 करोड़ की सनसनीखेज डकैती मामले में नित नये अपडेट सामने आ रहे हैं। हालांकि अधिकृत तौर पर पुलिस अब भी कुछ भी कहने से बच रही है और पुलिस की पूरी कार्यवाही को अपनी तरीके से चल रही है। सूत्रों की माने तो इंद्राना में दबिश देने के बाद पुलिस की हाथ कुछ और महत्वपूर्ण सुराग लगे थे और किसी के आधार पर पुलिस गत दिवस पाटन की समीप क्षेत्र के उड़ना और इसी के समीपवर्ती एक और गांव में दो लोगों को उठाने गई थी लेकिन जब पुलिस वहां पहुंची तो यह दोनों ही लोग परिवार सहित गायब मिले जिसके कारण पुलिस को खाली हाथ लौटना पड़ा। सूत्रों से मिली जानकारी के मुताबिक पड़ताल में पुलिस के सामने यह जानकारी आई थी कि उड़ना और उसके पास की एक गांव में रहने वाले रईस ठाकुर और बबलू ठाकुर की इस घटना में महत्वपूर्ण भूमिका है। बैंक डकैती में शामिल लोगों की न केवल इन्होंने मदद की थी बल्कि संभावना तो यहां तक जताई जा रही है की घटना में यह लोग भी शामिल थे। इन दोनों का पुराना आपराधिक रिकार्ड भी है। पुलिस अब इन दोनों की संबंध में भी पतासाजी करने में जुट गई है। उल्लेखनीय है कि सोमवार को खितौला तिराहा के समीप स्थित इसाफ स्माल फाइनेंस बैंक में डकैती की सनसनीखेज वारदात को अंजाम दिया गया। घटना के बाद से ही पुलिस लगातार आरोपियों की तलाश में लगी है। अब तक पुलिस के द्वारा बड़ी संख्या में संदेहियों को हिरासत में लेकर उनसे पूछताछ की जा रही है। विगत दिवस पुलिस को पता चला था कि घटनास्थल से 31 किलोमीटर दूर इंद्राना में आरोपियों में बाकायदा एक मकान भी ले रखा था। पुलिस जब वहां पहुंची तो उसके पहले ही आरोपी फरार हो चुके थे। यहां से पुलिस ने किराए पर मकान देने वाले मालिक और एक अन्य युवक को हिरासत में लिया है जिसने मकान किराए पर दिलाया था। हालांकि मकान किराए पर लेने के लिए आरोपियों ने फर्जी आईडी भी मकान मालिक को दिखाई थी। जिस मकान को किराए पर लिया गया था वहां जब पुलिस पहुंची तो अंदर हाल में एक बाइक और चटाई के अलावा बाकी ऐसा कोई सामान मिलने की जानकारी नहीं है कि आरोपी यहां बहुत दिनों तक रुके हो। उन्होंने तो घटना को अंजाम देने के लिए इसको अपना ठिकाना बनाया था। सूत्रों के द्वारा यह आशंका भी जताई जा रही है कि हो सकता है की आसपास के गांव में भी कहीं आरोपियों के द्वारा इस तरह से मकान लिए गए हो। क्योंकि कुछ वर्ष पूर्व ठीक इसी तरह की घटना कटनी में भी सामने आई थी उसे समय पकड़े गए आरोपियों से पता चला था कि घटना को अंजाम देने के पहले उन लोगों ने स्लीमनाबाद बघराजी और गांधीगंज कटनी में बाकायदा मकान किराए पर ले रखे थे।

Related Articles

Leave a Reply

Your email address will not be published. Required fields are marked *

Back to top button