
यश भारत की खबर का असर, धान उपार्जन केंद्रों से वापस होंगे खराब बारदाने
प्रशासन ने राइस मिलर्स पर कसा शिकंजा
जबलपुर, यश भारत। धान उपार्जन केंद्रों पर खराब गुणवत्ता के बारदाने पहुंचाए जाने को लेकर यश भारत में प्रकाशित खबरों का असर अब साफ नजर आने लगा है। लगातार दो समाचारों के माध्यम से यह उजागर किया गया था कि कई राइस मिलर्स उपार्जन केंद्रों पर पुराने और जर्जर बारदाने जमा कर रहे हैं, जिससे धान खरीदी व्यवस्था प्रभावित हो रही है।
खबर प्रकाशित होने के बाद जिला प्रशासन हरकत में आया और मामले को गंभीरता से लेते हुए सभी संबंधित राइस मिलर्स को खराब बारदाने तत्काल वापस लेने के निर्देश जारी किए हैं। प्रशासन को उपार्जन केंद्रों से लगातार शिकायतें मिल रही थीं कि दी जा रही बोरियां फटी हुई, कमजोर और मानक के अनुरूप नहीं हैं।

कलेक्टर कार्यालय की खाद्य शाखा के प्रभारी अधिकारी एवं संयुक्त कलेक्टर ऋषभ जैन ने स्पष्ट निर्देश दिए हैं कि उपार्जन केंद्रों पर केवल अच्छी और मानक गुणवत्ता के बारदाने ही उपलब्ध कराए जाएं। जिन राइस मिलर्स द्वारा खराब गुणवत्ता के बारदाने दिए गए हैं, उनके खिलाफ नियमानुसार कार्रवाई की जाएगी तथा इसकी जानकारी कलेक्टर कार्यालय को भेजी जाएगी।

प्रशासन के इस कदम से जहां उपार्जन केंद्रों पर व्यवस्था सुधरने की उम्मीद है, वहीं यह कार्रवाई यश भारत द्वारा लगातार उठाए गए मुद्दे की पुष्टि भी करती है। अब खराब बारदाने जमा कराने वाले मिलर्स पर सख्त रुख अपनाया जाएगा और किसानों को परेशानी से राहत दिलाने की दिशा में ठोस कदम उठाए जा रहे हैं।






