महानिदेशकों/महानिरीक्षकों के सम्मेलन में डीजीपी मकवाणा के विजन को मिली सराहना

महानिदेशकों/महानिरीक्षकों के सम्मेलन में डीजीपी मकवाणा के विजन को मिली सराहना
पीएम मोदी के सामने एमपी पुलिस ने रखा ‘विजन 2047’ का रोडमैप, ‘नशे से दूरी’ अभियान की दी जानकारी
भोपाल, यशभारत। राष्ट्रीय राजधानी रायपुर में आयोजित पुलिस महानिदेशकों और पुलिस महानिरीक्षकों की वार्षिक कॉन्फ्रेंस का दूसरा दिन मध्यप्रदेश पुलिस के लिए महत्वपूर्ण रहा। इस सत्र में, जो पूर्णतः प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी और केंद्रीय गृह मंत्री अमित शाह की उपस्थिति में संचालित हुआ, मध्यप्रदेश के पुलिस महानिदेशक कैलाश मकवाणा ने देश के शीर्ष पुलिस अधिकारियों के बीच ‘विजन 2047’ के लिए पुलिसिंग का रोडमैप प्रस्तुत किया।
’विजन 2047′ और ‘नशे से दूरी है जरूरी’
डीजीपी मकवाणा ने ” ‘विजन 2047’ का रोडमैप, विषय पर अपना प्रेजेंटेशन दिया। उन्होंने विशेष रूप से दो क्षेत्रों पर बल दिया:
क्राइम डिटेक्शन एंड प्रिवेंशन: अत्याधुनिक तकनीकों का उपयोग कर अपराधों की रोकथाम और तेजी से उनका खुलासा।
कम्युनिटी एंगेजमेंट एंड पब्लिक ट्रस्ट: जनता के साथ समन्वय बढ़ाकर पुलिस की छवि और विश्वास को मजबूत करना।
प्रेजेंटेशन के दौरान, मकवाणा ने मध्यप्रदेश पुलिस द्वारा प्रदेशभर में सफलतापूर्वक चलाए जा रहे नशा मुक्ति जागरूकता अभियान “नशे से दूरी – है जरूरी” की विस्तृत जानकारी दी। सूत्रों के अनुसार, इस अभियान की रचनात्मकता और जन-जागरूकता फैलाने के प्रयासों को प्रधानमंत्री सहित उपस्थित वरिष्ठ अधिकारियों ने विशेष रूप से सराहा।
पीएम मोदी के साथ विशेष चर्चा
दिनभर चली राष्ट्रीय सुरक्षा और उभरती चुनौतियों पर मंथन के बाद, रात्रिकालीन भोज एक विशेष चर्चा का केंद्र बना। इसमें प्रधानमंत्री के साथ देश के केवल चार डीजीपी उपस्थित थे, जिनमें डीजीपी मध्यप्रदेश कैलाश मकवाणा भी शामिल रहे।इस दौरान श्री मकवाणा को प्रधानमंत्री जी के साथ सार्थक चर्चा का अवसर मिला। उन्होंने भीड़ प्रबंधन की चुनौतियों और मध्यप्रदेश में आगामी सिंहस्थ कुंभ की विशाल तैयारियों से संबंधित विषयों पर माननीय प्रधानमंत्री के साथ महत्वपूर्ण विचार-विमर्श किया।
कॉन्फ्रेंस में काउंटर टेररिज्म, महिला सुरक्षा, फॉरेंसिक के उपयोग में वृद्धि और भारतीय भगोड़ों को वापस लाने जैसे राष्ट्रीय सुरक्षा से जुड़े महत्वपूर्ण विषयों पर भी विस्तृत चर्चा की गई।






