कॉमर्शियल गैस संकट से होटल कारोबार प्रभावित, कई जगह मेन्यू छोटा

कॉमर्शियल गैस संकट से होटल कारोबार प्रभावित, कई जगह मेन्यू छोटा
भोपाल, यश भारत । मध्यप्रदेश में रसोई गैस की किल्लत लगातार गहराती जा रही है। कॉमर्शियल सिलेंडर की आपूर्ति प्रभावित होने से प्रदेश के होटल और रेस्टॉरेंट कारोबार पर बड़ा असर पड़ा है। बताया जा रहा है कि पिछले छह दिनों से प्रदेश के 50 हजार से अधिक होटल और रेस्टॉरेंट्स को कॉमर्शियल गैस सिलेंडर नहीं मिल पाए हैं, जिससे कई स्थानों पर रसोई ठंडी पड़ गई है।
राजधानी भोपाल और इंदौर सहित कई बड़े शहरों में होटलों और ढाबों ने अपना मेन्यू छोटा कर दिया है। गैस की कमी के कारण कई व्यंजन बनाना बंद करना पड़ा है। वहीं कई छोटे होटल संचालक और ठेले-रेहड़ी लगाने वाले विक्रेताओं को अपना काम अस्थायी रूप से बंद करना पड़ा है। इससे दिहाड़ी पर निर्भर रहने वाले दुकानदारों की रोजी-रोटी पर भी संकट खड़ा हो गया है।
व्यापारियों का कहना है कि गैस की नियमित आपूर्ति नहीं होने से कारोबार बुरी तरह प्रभावित हो रहा है। कई होटल संचालक सीमित भोजन ही तैयार कर पा रहे हैं, जबकि कुछ जगहों पर ग्राहकों को भी वापस लौटना पड़ रहा है। यदि स्थिति जल्द नहीं सुधरी तो होटल व्यवसायियों को आर्थिक नुकसान और बढ़ सकता है।
राजधानी भोपाल में स्थिति विशेष रूप से चिंताजनक बताई जा रही है। जहांगीराबाद और बोगदा पुल जैसे इलाकों में घरेलू गैस के लिए भी लोगों को लंबा इंतजार करना पड़ रहा है। कई उपभोक्ताओं का कहना है कि मोबाइल पर सिलेंडर बुकिंग और डिलीवरी का संदेश मिलने के बाद भी गैस समय पर नहीं पहुंच रही है। इसके चलते लोग गैस एजेंसियों के चक्कर लगाने को मजबूर हैं।
गैस एजेंसियों के बाहर सुबह से ही उपभोक्ताओं की भीड़ देखी जा रही है। कई लोग धूप में घंटों खड़े रहकर सिलेंडर मिलने का इंतजार कर रहे हैं। इससे आम उपभोक्ताओं में नाराजगी भी बढ़ रही है।







