शराब दुकानों के खिलाफ भोपाल में उबाल, अवधपुरी से कोलार तक विरोध तेज रिहायशी इलाकों में ठेके हटाने की मांग, आज कलेक्टर से मिलेगा प्रतिनिधिमंडल

शराब दुकानों के खिलाफ भोपाल में उबाल, अवधपुरी से कोलार तक विरोध तेज
रिहायशी इलाकों में ठेके हटाने की मांग, आज कलेक्टर से मिलेगा प्रतिनिधिमंडल
भोपाल यश भारत। राजधानी भोपाल में रिहायशी क्षेत्रों के बीच संचालित शराब दुकानों को लेकर विरोध अब व्यापक रूप लेता जा रहा है। कोलार रोड, ईंटखेड़ी और सेमराकलां के बाद अवधपुरी में भी रहवासियों का गुस्सा फूट पड़ा। रविवार शाम क्षेत्र के लोग सड़कों पर उतर आए और शराब दुकान को हटाने की मांग को लेकर जोरदार प्रदर्शन किया। अवधपुरी में पेट्रोल पंप के समीप चल रही शराब दुकान के खिलाफ प्रदर्शन के दौरान बड़ी संख्या में महिलाएं, बुजुर्ग और युवा शामिल हुए। शाम होते होते माहौल तनावपूर्ण हो गया और लोगों ने जमकर नारेबाजी की। स्थानीय लोगों का कहना है कि दुकान खुलने के बाद इलाके में असामाजिक गतिविधियां बढ़ी हैं और माहौल बिगड़ गया है। रोजाना झगड़े, बढ़ी दहशत , रहवासियों के अनुसार शराब दुकान के आसपास आए दिन विवाद और झगड़े होते हैं। स्थानीय निवासी रमन तिवारी ने बताया कि शराब के नशे में लोग अभद्र व्यवहार करते हैं, जिससे आम लोगों का घर से निकलना मुश्किल हो गया है। महिलाओं ने जताई नाराजगी , प्रदर्शन में शामिल महिलाओं ने सुरक्षा को लेकर गंभीर चिंता जताई। सारिका दिवाकर सहित अन्य महिलाओं ने कहा कि दुकान के आसपास छेड़छाड़ और अभद्रता की घटनाएं बढ़ी हैं जिससे परिवारों में भय का माहौल है। सूचना मिलने पर पुलिस मौके पर पहुंची और हालात को नियंत्रित किया। करीब एक घंटे तक चले विरोध के बाद लोगों ने चेतावनी दी कि यदि जल्द कार्रवाई नहीं हुई तो आंदोलन और उग्र होगा। इधर कोलार रोड के मंदाकिनी चौराहे पर शिफ्ट की गई शराब दुकान के खिलाफ भी विरोध तेज है। सोमवार को कोलार ब्लॉक कांग्रेस कमेटी के नेतृत्व में प्रतिनिधिमंडल कलेक्टर और जिला आबकारी अधिकारी से मुलाकात करेगा। ब्लॉक अध्यक्ष राहुल सिंह राठौड़ ने बताया कि दुकान के पास जैन मंदिर और घनी आबादी है, ऐसे में अनुमति देना नियमों के खिलाफ है। उन्होंने इसे तत्काल हटाने की मांग की है।नियमों के उल्लंघन का आरोप , प्रदर्शनकारियों का कहना है कि आबकारी नियमों के तहत शराब दुकानों को धार्मिक स्थलों और रिहायशी क्षेत्रों से दूरी पर होना चाहिए, लेकिन यहां इन नियमों की अनदेखी की जा रही है। बढ़ता दबाव, प्रशासन पर नजर भोपाल के अलग अलग इलाकों से उठ रही विरोध की आवाजें अब बड़ा जनआंदोलन बनती जा रही हैं। रहवासियों ने साफ कर दिया है कि वे किसी भी हाल में रिहायशी क्षेत्रों में शराब दुकानों को बर्दाश्त नहीं करेंगे। अब सभी की नजर प्रशासन की अगली कार्रवाई पर टिकी है, जो तय करेगी कि यह विरोध थमेगा या और तेज होगा।







