
महंगाई का नया झटका, दूध के दाम बढ़े, सुबह की चाय से रसोई तक पड़ेगा असर
मुंबई, यश भारत। बढ़ती महंगाई के बीच अब दूध की कीमतों में इजाफे ने आम लोगों की चिंता और बढ़ा दी है। कोल्हापुर जिला सहकारी दूध संघ गोकुल मिल्क यूनियन ने गाय और भैंस के दूध की खरीद और बिक्री दरों में वृद्धि करते हुए उपभोक्ताओं पर महंगाई का नया बोझ डाल दिया है। नए दाम आधी रात से लागू हो गए हैं, जिससे रोजमर्रा के घरेलू खर्च पर सीधा असर पड़ना तय माना जा रहा है।
संघ के निर्णय के अनुसार गाय के दूध की खरीद दर 34 रुपये से बढ़ाकर 36 रुपये प्रति लीटर कर दी गई है, जबकि भैंस के दूध की खरीद दर 52.50 रुपये से बढ़ाकर 53.50 रुपये प्रति लीटर कर दी गई है। इसके साथ ही बिक्री दरों में भी बढ़ोतरी की गई है। कोल्हापुर में भैंस का दूध, जो पहले 68 रुपये प्रति लीटर मिल रहा था, अब 70 रुपये प्रति लीटर की दर से उपलब्ध होगा। विभिन्न जिलों में स्थानीय परिस्थितियों के अनुसार कीमतों में थोड़ा अंतर रह सकता है, लेकिन असर पूरे बाजार में महसूस किया जाएगा।
दूध संघ से जुड़े करीब 7,500 प्राथमिक दूध संस्थानों के माध्यम से प्रतिदिन लगभग 17 लाख लीटर दूध का संकलन किया जाता है। संघ के चेयरमैन ने कहा कि दूध उत्पादक किसानों को उचित मूल्य दिलाने के उद्देश्य से यह फैसला लिया गया है, ताकि बढ़ती उत्पादन लागत का संतुलन बनाया जा सके।
हालांकि, उपभोक्ताओं के लिए यह फैसला महंगाई का नया झटका माना जा रहा है। विशेषज्ञों का कहना है कि दूध महंगा होने से चाय, मिठाई, होटल-रेस्टोरेंट और घरेलू रसोई का खर्च बढ़ेगा, जिससे आम परिवारों का मासिक बजट प्रभावित हो सकता है।







