बिट्टन मार्केट में दिखेगा भगवान जगन्नाथ के मंदिर का स्वरूप

बिट्टन मार्केट में दिखेगा भगवान जगन्नाथ के मंदिर का स्वरूप
.. जय मां वैष्णो दुर्गा उत्सव समिति द्वारा किया जायेगा भव्य आयोजन
यश भारत भोपाल। राजधानी के बिट्टन मार्केट क्षेत्र में स्थित जय मां वैष्णो दुर्गा उत्सव समिति द्वारा नवरात्र महोत्सव की भव्य तैयारी की जा रही है। समिति द्वारा 22 वर्ष से आयोजन किया जा रहा है। समिति ने इस बार विशेष रूप से उड़ीसा के प्रसिद्ध जगन्नाथ मंदिर की झांकी का निर्माण किया है, जो श्रद्धालुओं के आकर्षण का मुख्य केंद्र बनी हुई है। समिति के अध्यक्ष श्याम खटीक ने बताया कि भव्य आयोजन की तैयारियां पिछले कई महीनों से चल रही थीं और इस बार की झांकियों और पंडाल निर्माण में लगभग एक करोड़ 25 लाख रुपये की लागत आई है।

60 मूर्तियों की स्थापना की जाएगी
समिति के अनुसार इस बार दुर्गा उत्सव में विशेष तौर पर 60 मूर्तियां स्थापित की जा रही हैं। पंडाल को इस तरह तैयार किया गया है कि श्रद्धालु एक-एक करके सभी देवी-देवताओं के दर्शन कर सकें। पंडाल के पहले हिस्से में हनुमान जी बेड़ी वाले हनुमान जी का मंदिर, दूसरे हिस्से में गणेश जी, तीसरे हिस्से में जगन्नाथ जी, और चौथे व मुख्य हिस्से में माता दुर्गा जी की प्रतिमा स्थापित की जाएगी। समिति का कहना है कि इस बार सजावट और धार्मिक अनुष्ठानों में भी नवीनता लाई गई है, जिससे श्रद्धालु खुद को आध्यात्मिक वातावरण में महसूस कर सकें।
कैमरे से रखी जाएगी नजर
आयोजन की सुरक्षा पर भी विशेष ध्यान दिया जा रहा है। भीड़-भाड़ को देखते हुए समिति और प्रशासन ने संयुक्त रूप से सुरक्षा व्यवस्था मजबूत की है। पंडाल और आसपास के क्षेत्र में 62 सीसीटीवी कैमरे लगाए गए हैं ताकि श्रद्धालुओं की आवाजाही पर सतत नजर रखी जा सके। समिति के स्वयंसेवकों के साथ पुलिसकर्मी भी तैनात रहेंगे।
समिति के अध्यक्ष श्याम खटीक ने बताया कि हर वर्ष श्रद्धालुओं की संख्या बढ़ती जा रही है। पिछले वर्ष की तुलना में इस बार भीड़ और अधिक रहने की संभावना है।
12 से 15 लाख श्रद्धालुओं के आने की संभावना
अनुमान है कि 12 से 15 लाख श्रद्धालु इस भव्य आयोजन में दर्शन करने पहुंचेंगे। इसके लिए पार्किंग व्यवस्था, पेयजल सुविधा, प्राथमिक चिकित्सा केंद्र और विश्राम स्थल भी तैयार किए गए हैं।
स्थानीय निवासी और व्यापारी भी इस आयोजन को लेकर उत्साहित हैं। उनका कहना है कि इस तरह के धार्मिक आयोजनों से क्षेत्र में सांस्कृतिक वातावरण बनता है और श्रद्धालुओं के आने से व्यापार को भी बढ़ावा मिलता है। कई सामाजिक संगठनों ने भी इस आयोजन में सहयोग प्रदान किया है।
सांस्कृतिक आयोजन किया जाएगा
समिति ने बताया कि सभी अनुष्ठान परंपरागत ढंग से संपन्न कराए जाएंगे। महाआरती, भजन-संध्या और सांस्कृतिक कार्यक्रमों का भी आयोजन होगा। विशेष रूप से महिलाओं और बच्चों के लिए अलग व्यवस्थाएं की गई हैं।
ओडिसी शैली में बनाया जाएगा मंदिर
जगन्नाथ मंदिर स्वरूप झांकी को तैयार करने में कारीगरों ने महीनों मेहनत की है। पारंपरिक ओडिसी शैली में बनाए गए इस मंदिर स्वरूप पंडाल में रंग-बिरंगी रोशनी और सजावट श्रद्धालुओं को भुवनेश्वर-पुरी के जगन्नाथ मंदिर जैसा अनुभव कराएगी।
समिति ने श्रद्धालुओं से अपील की है कि वे नियम और व्यवस्था का पालन करते हुए आयोजन में सम्मिलित हों। प्रशासन ने भी श्रद्धालुओं से सहयोग की अपेक्षा की है ताकि आयोजन शांतिपूर्वक और सुरक्षित रूप से संपन्न हो सके।






