जीरो डिग्री रोड पर नशा, काली गाड़ियों का आतंक और डंपर-ट्रकों से हादसों का सिलसिला! — हर 100 मीटर में टपरों का अतिक्रमण, महिलाओं-परिवारों का सड़कों पर चलना हुआ मुश्किल

शहर के सबसे महत्वपूर्ण और संवेदनशील मार्गों में गिनी जाने वाली जीरो डिग्री रोड आज पूरी तरह अव्यवस्था, अपराध और प्रशासनिक लापरवाही का प्रतीक बन चुकी है। हर 100 मीटर में टपरों का अतिक्रमण, उन्हीं टपरों की आड़ में गांजा, चरस और अफीम का खुला कारोबार, और अब हालात ऐसे हो गए हैं कि महिलाओं व परिवारों का इस सड़क पर पैदल चलना तक मुश्किल हो गया है।

पांच थानों की सीमा, फिर भी कानून बेअसर
सबसे गंभीर तथ्य यह है कि जीरो डिग्री रोड का यह पूरा इलाका पांच थानों की सीमाओं में आता है, इसके बावजूद न तो नियमित पेट्रोलिंग दिखती है और न ही कोई प्रभावी कार्रवाई। हर थाना जिम्मेदारी दूसरे पर डालकर अपने कर्तव्य से बचता नजर आता है, जिसका सीधा लाभ नशा माफिया और अतिक्रमणकारियों को मिल रहा है।

रात में नशेड़ियों का कब्जा, डर के साए में लोग
शाम ढलते ही यह सड़क नशे में धुत लोगों का अड्डा बन जाती है। युवक-युवतियां सड़कों और टपरों के आसपास बैठकर नशा करते हैं, झगड़े होते हैं, गाली-गलौज आम बात हो गई है। कई बार हालात इतने बिगड़ जाते हैं कि सभ्यता और कानून दोनों की सीमाएं टूटती नजर आती हैं।

बड़ी गाड़ियों की आवाजाही से हादसे, जान जोखिम में
नशे के साथ-साथ जीरो डिग्री रोड पर रेत से भरे डंपर, भारी ट्रक और बड़ी गाड़ियों की लगातार आवाजाही ने खतरा और बढ़ा दिया है। तेज रफ्तार और अव्यवस्थित यातायात के चलते लगातार दुर्घटनाएं हो रही हैं।
बीते दिनों मिक्सर मशीन के चलते सड़क पर काम के दौरान दो महिलाएं चपेट में आ गई थीं, जो सिस्टम की लापरवाही का जीता-जागता उदाहरण है।

काली गाड़ियों का आतंक, असुरक्षा का माहौल
स्थानीय लोगों का कहना है कि क्षेत्र में काली गाड़ियों का आतंक भी बना हुआ है। संदिग्ध वाहनों की आवाजाही, देर रात तक खड़े रहना और संदिग्ध गतिविधियां आम हो चुकी हैं, जिससे महिलाओं और युवतियों में खासा भय व्याप्त है।

निगम–पुलिस की चुप्पी, अतिक्रमणकारियों का राज
एकता चौक से सनातन चौक तक तो कभी-कभार अतिक्रमण हटाने की औपचारिकता निभा दी जाती है, लेकिन उसके आगे अधिरामंडल क्षेत्र में प्रशासनिक सन्नाटा पसरा रहता है। नगर निगम और पुलिस एक-दूसरे पर जिम्मेदारी डालकर पल्ला झाड़ लेते हैं, और अतिक्रमणकारी बेखौफ अपना साम्राज्य फैलाते जा रहे हैं।

अवैध होटल और अनैतिक गतिविधियां
क्षेत्र में कुछ इमारतों में अवैध होटल और लॉज संचालित हो रहे हैं, जहां 500-600 रुपये में कमरे उपलब्ध कराए जाते हैं। सूत्रों की मानें तो यहां अनैतिक गतिविधियां और हनी-ट्रैप जैसी घटनाएं भी सामने आ चुकी हैं, लेकिन ठोस कार्रवाई अब तक नदारद है।

बड़ा सवाल — क्या किसी बड़े हादसे का इंतजार है?
जब हर 100 मीटर में अतिक्रमण,
महिलाओं-परिवारों का चलना मुश्किल,
नशा, काली गाड़ियों का आतंक,
डंपर-ट्रकों से लगातार हादसे,
और यह सब 5 थानों की सीमा में—
तो सवाल उठता है कि
प्रशासन आखिर कब जागेगा?
शहरवासियों को अब आश्वासन नहीं, तत्काल, सख्त और स्थायी कार्रवाई चाहिए—वरना जीरो डिग्री रोड किसी बड़े हादसे की पटकथा बन चुकी है।
इनका कहना है,

विजयनगर क्षेत्र में एकता चौक से लेकर जीरो डिग्री तक चल रहे टपरों पर जल्द कार्रवाई की जाएगी। नगर निगम की अतिक्रमण टीम पूरे अमले के साथ मौके पर पहुंचकर नियमानुसार अतिक्रमण हटाने की कार्रवाई करेगी।नगर निगम कमिश्नर रामप्रकाश अहिरवार








