होम गार्ड्स को मिलेगी स्थायी आवास की सौगात: सीएम मोहन यादव ने 79वें स्थापना दिवस पर की ऐतिहासिक घोषणा
अदम्य साहसिक कार्य सम्मान पुरस्कार भी शुरू होगा; उज्जैन सिंहस्थ के लिए जवानों को विशेष प्रशिक्षण

होम गार्ड्स को मिलेगी स्थायी आवास की सौगात: सीएम मोहन यादव ने 79वें स्थापना दिवस पर की ऐतिहासिक घोषणा
अदम्य साहसिक कार्य सम्मान पुरस्कार भी शुरू होगा; उज्जैन सिंहस्थ के लिए जवानों को विशेष प्रशिक्षण
भोपाल, यशभारत। मध्य प्रदेश होम गार्ड्स एवं नागरिक सुरक्षा संगठन का 79वां स्थापना दिवस शनिवार को राज्य स्तरीय समारोह के रूप में उत्साह के साथ मनाया गया। इस अवसर पर, मुख्यमंत्री डॉ. मोहन यादव ने होम गार्ड जवानों के कल्याण और सुविधाओं को लेकर कई महत्वपूर्ण एवं ऐतिहासिक घोषणाएं कीं।
मुख्यमंत्री ने ली परेड की सलामी
मुख्यमंत्री डॉ. मोहन यादव होम गार्ड कार्यालय पहुँचे और मुख्य अतिथि के रूप में समारोह में शामिल हुए। उन्होंने परेड निरीक्षण वाहन से बल के जवानों की भव्य परेड का निरीक्षण किया और सलामी ली। अपने संबोधन में मुख्यमंत्री ने होम गार्ड्स के साहस और उच्च अनुशासन की प्रशंसा की। उन्होंने कहा, “होम गार्ड एक ऐसा अनुशासित समूह है जो हर परिस्थिति में अपने कर्तव्यों का निष्ठापूर्वक पालन करता है। हर प्रस्तुति में, हर चुनौती में, सबसे आगे खड़े रहने वाला यह होम गार्ड का समूह है।
स्थायी आवास और सम्मान की घोषणा
जवानों को संबोधित करते हुए, मुख्यमंत्री डॉ. यादव ने उनकी सबसे बड़ी आवश्यकताओं में से एक को पूरा करने की घोषणा की। उन्होंने कहा कि आवास सुविधाओं की कमी को देखते हुए, होम गार्ड जवानों के लिए स्थायी आवास का निर्माण कराया जाएगा। उन्होंने अधिकारियों को इस संबंध में तत्काल कार्य शुरू करने के आदेश दिए और आश्वासन दिया कि सरकार सुनिश्चित करेगी कि हर होम गार्ड को सुरक्षित और स्थायी आवास उपलब्ध हो।
इसके अतिरिक्त, बल में उत्कृष्ट कार्य करने वाले और अदम्य साहस दिखाने वाले जवानों को प्रोत्साहित करने के लिए ‘अदम्य साहसिक कार्य सम्मान पुरस्कार’ शुरू करने की भी घोषणा की गई।
सिंहस्थ तैयारी और रेस्क्यू टीमों का सम्मान
मुख्यमंत्री ने 2014 में गठित एनडीआरएफ के कार्यों की सराहना की और बताया कि आपदा प्रबंधन की तैयारियों को मजबूत करने के लिए इंदौर में एनडीआरएफ और एसडीआरएफ के जवानों को विशेष प्रशिक्षण दिया जा रहा है। इस विशेष प्रशिक्षण का उपयोग आगामी उज्जैन सिंहस्थ जैसे बड़े आयोजनों में किया जाएगा। सेवा में उत्कृष्ट प्रदर्शन करने वाली 10 रेस्क्यू टीमों को मुख्यमंत्री ने 51 हजार रुपए का सामूहिक पुरस्कार देने की घोषणा भी की, जिससे बल के मनोबल को और मजबूती मिलेगी।







