मंडला में EOW का छापा: पूर्व दैनिक वेतन भोगी निकाला करोड़ों का मालिक

मंडला। मध्य प्रदेश के मंडला में EOW ने आज शनिवार को पूर्व दैनिक वेतन भोगी के घर छापामार कार्रवाई की। इस दौरान टीम ने 3 करोड़ रुपए की संपत्ति बरामद की है। जांच में कई अहम दस्तावेज तो बरामद हुए। साथ ही कर्मचारी के बैंक संचालक होने का राज भी खुल गया।
डीएसपी मनजीत सिंह के नेतृत्व में ईओडब्ल्यू की टीम ने बिछिया नगर परिषद के पूर्व दैनिक वेतन भोगी कर्मचारी शिव झरिया के मंडला, बम्हनी, नारायण गंज ऑफिस पर छापामार कार्रवाई की। आवास के साथ नजदीकी कार्यालय में तलाशी ली गई। EOW ने महत्वपूर्ण दस्तावेजों की जांच करने के साथ घर में मौजूद कारों समेत अन्य संपत्तियों का मूल्यांकन किया, जिससे पता चला कि इस वेतन भोगी कर्मचारी के पास तीन प्लॉट, अलग-अलग स्थानों के बैंक में खाते हैं।
बैंक का संचालन करता है कर्मचारी
ईओडब्ल्यू ने अभी तक के जांच में तीन करोड़ दस लाख की संपत्ति मिलने की बात स्वीकार की है। इसके अलावा जांच में सामने आया कि शिव झरिया शिवंशी इंडिया निधि लिमिटेड बैंक का भी संचालन करता है। शिवकुमार झरिया पूर्व में मंडला जिले के मोहगांव जनपद में कैशियर था। वहां आर्थिक अनियमितताओं के आरोपों के बीच उन्हें नौकरी छोड़नी पड़ी।
चल-अचल सम्पत्तिः-
01 भवन तथा 04 रहवासी प्लॉट कुल कीमत लगभग 50.57.858 रूपये
बीमा पॉलिसी कुल 12 राशि 29,72,000 रूपये
एफ. डी. आर. कुल 02 राशि 5,00,000 रूपये
वाहन-
आरोपी शिवांगी ट्रेवल्स का डायरेक्टर है. जिसकी कम्पनी दिल्ली में कुल 04 इंनोवा किस्टा वाहनों का संचालन कर रही है। वाहनों की कुल कीमत 1,05,00,000 रूपये तथा आरोपी के नाम से एम०जी० हेक्टर ग्लोस्टर वाहन कीमत 45,23,768 रूपये है। इस प्रकार आरोपी की कम्पनी एवं उसके नाम से वाहनों की कुल कीमत 1,50,23,768 रूपये है।
कम्पनीः-आरोपी शिवांशी ग्रीन सॉल्यूशन तथा शिवांशी इंडिया निधी प्रायवेट लिमिटेड में डायरेक्टर है। शिवांशी ग्रीन सॉल्यूशन सोलर पेनल लगाने का कार्य करती है। शिवांशी इंडिया निधी प्रायवेट लिमिटेड बैंकिग व्यवसाय का कार्य करती है। जिनके संबंध में जांच की जा रही है।
अन्य सामान अन्य घरेलू सामान ध् नगद ध् ज्वेलरी कुल 32.85,000 रूपये।
आरोपी के निवास एवं व्यवसायिक स्थानों पर सर्च कार्यवाही में मकान, याहन, बैंक खाते, कम्पनियों के संबंध में जानकारी प्राप्त की जा रही है। सर्च कार्यवाही के दौरान प्राप्त जानकारी एवं दस्तावेजों के विश्लेषण पर लगभग 3 करोड़ 5 लाख की अनुपातहीन सम्पत्ति के होने का अनुमान है।







