भोपाल पुलिस का मिशन 2025 सफल: अपराधों में 8% की कमी, साइबर ठगों से वापस दिलाए करोड़ों रुपये

भोपाल पुलिस का मिशन 2025 सफल: अपराधों में 8% की कमी, साइबर ठगों से वापस दिलाए करोड़ों रुपये
भोपाल, यशभारत। राजधानी की सुरक्षा व्यवस्था को लेकर भोपाल पुलिस ने वर्ष 2025 का लेखा-जोखा पेश किया है। तकनीकी नवाचार और सख्त फील्ड पुलिसिंग के दम पर भोपाल पुलिस ने न केवल अपराधों के ग्राफ में 8% की गिरावट दर्ज की है, बल्कि करोड़ों की संपत्ति बरामद कर आम जनता को बड़ी राहत भी पहुंचाई है।
तकनीकी प्रहार: साइबर ठगों के चंगुल से छुड़ाए 3.79 करोड़
साइबर अपराधों पर लगाम लगाने के लिए भोपाल पुलिस ने इस वर्ष ‘ऑपरेशन एंटीवायरस’ और ‘सेफ क्लिक’ जैसे अभियान चलाए। इसका परिणाम यह रहा कि साइबर फ्रॉड की शिकायतों में 27% की कमी आई। पुलिस ने मुस्तैदी दिखाते हुए पीड़ितों के 3.79 करोड़ रुपये रिफंड कराए और लगभग 15.53 करोड़ रुपये की राशि फ्रीज कराई। इसके अलावा, पुलिस ने गुम हुए 2108 मोबाइल फोन ढूंढकर उनके मालिकों को वापस सौंपे।
महिला सुरक्षा और सामाजिक सरोकार
महिला सुरक्षा के क्षेत्र में प्रभावी कार्रवाई करते हुए अपराधों में 11% की कमी दर्ज की गई है। छेड़छाड़ की घटनाओं में 8% और अपहरण में 10% की गिरावट आई है। ‘ऑपरेशन मुस्कान’ के तहत पुलिस ने देश के अलग-अलग हिस्सों से 202 नाबालिग बालिकाओं को सुरक्षित दस्तयाब किया। एक उल्लेखनीय मामले में शाहजहानाबाद की घटना के दोषी को पुलिस की त्वरित पैरवी से तिहरा मृत्युदंड की सजा सुनाई गई।
बड़ी उपलब्धियां और कार्रवाई:
नशा मुक्ति: ‘नशे से दूरी है जरूरी’ अभियान के तहत 2 करोड़ के मादक पदार्थ और 2.6 करोड़ की अवैध शराब जब्त।
हथियार तस्करी: 400 प्रकरणों में 651 अवैध हथियार जब्त, जिसमें अंतरराज्यीय नेटवर्क का पर्दाफाश शामिल है।
अवैध संपत्ति रिकवरी: चोरी और लूट के मामलों में पुलिस ने कुल 10 करोड़ की संपत्ति बरामद की।
सुरक्षा का घेरा: माननीय प्रधानमंत्री, उप-राष्ट्रपति और गृहमंत्री के दौरों सहित 2100 से अधिक आयोजनों को निर्विघ्न संपन्न कराया गया।
ईरानी डेरा पर बड़ी सर्जिकल स्ट्राइक
दिसंबर के अंतिम सप्ताह में भोपाल पुलिस ने ईरानी डेरा में साहसिक दबिश देकर कुख्यात इनामी अपराधियों को दबोचा। इस कार्रवाई में पुलिस ने न केवल अपराधियों को पकड़ा, बल्कि वहां से संदिग्ध मोटरसाइकिलें, मोबाइल फोन और विदेशी मुद्रा भी बरामद की। इस रेड में बाधा डालने वाले 32 लोगों पर भी सख्त कानूनी कार्रवाई की गई।
नवाचार: मूक-बधिरों के लिए क्यूआर कोड और डिजिटल मालखाना
भोपाल पुलिस ने संवेदनशीलता का परिचय देते हुए मूक-बधिरों के लिए थानों में स्कैनिंग व्यवस्था शुरू की है, ताकि उनकी भाषा समझने में आसानी हो। इसके अलावा, टीटी नगर थाना प्रदेश का पहला डिजिटल मालखाना वाला थाना बना। अब नागरिक क्यूआर कोड के जरिए सीधे पुलिस कमिश्नर से अपनी शिकायत साझा कर सकते हैं।
इनका कहना है..
भोपाल पुलिस नागरिकों की सुरक्षा और अपराधियों के मन में खौफ पैदा करने के लिए प्रतिबद्ध है। 2025 में हमारी तकनीकी और फील्ड यूनिट ने मिलकर बेहतरीन परिणाम दिए हैं।
भोपाल पुलिस आयुक्त- हरिनारायणचारी मिश्र






