
1200 करोड़ का महाघोटाला: टीडब्ल्यूजे ग्रुप के तीन आरोपी ईओडब्ल्यू की गिरफ्त में
ठाणे, यश भारत ठाणे की आर्थिक अपराध शाखा (ईओडब्ल्यू) ने निवेशकों को असंभव मुनाफे का सपना दिखाकर करीब 1200 करोड़ रुपये की ठगी करने वाले टीडब्ल्यूजे एसोसिएटेड प्राइवेट लिमिटेड घोटाले का खुलासा किया है। पूरे महाराष्ट्र में फैले इस कथित फर्जी निवेश नेटवर्क के अब तक तीन प्रमुख आरोपियों को गिरफ्तार किया गया है।
जांच में सामने आया है कि वर्ष 2024 से 2025 के बीच यह कंपनी शुरू की गई थी। टीडब्ल्यूजे नाम से 11 अलग-अलग कंपनियां खड़ी की गईं। शिक्षा, हॉस्पिटैलिटी, इंफ्रास्ट्रक्चर, आईटी, मीडिया और इवेंट मैनेजमेंट जैसे क्षेत्रों की आड़ लेकर ठाणे सहित राज्य के 16 जिलों में शाखाएं खोली गईं और निवेशकों को अवास्तविक रिटर्न का लालच दिया गया।
प्रारंभिक जांच में 37 निवेशकों से करीब 7 करोड़ 97 लाख रुपये की ठगी की पुष्टि हुई है। ईओडब्ल्यू के अनुसार पूरे राज्य में इस घोटाले की राशि 1200 करोड़ रुपये तक पहुंचने के प्रथम दृष्टया साक्ष्य मिले हैं। करीब 11 हजार निवेशकों के इस जाल में फंसे होने की आशंका जताई जा रही है।
पीड़ित निवेशक संजय पुंडलिक मापुस्कर की शिकायत पर श्रीनगर पुलिस स्टेशन में मामला दर्ज किया गया था। मामला सामने आते ही आरोपी फरार हो गए थे, लेकिन ईओडब्ल्यू की विशेष टीम ने गहन तलाश के बाद 29 और 30 जनवरी को तीन आरोपियों को धर दबोचा।
ठाणे पुलिस आयुक्त कार्यालय ने अपील की है कि टीडब्ल्यूजे ग्रुप की योजनाओं से ठगे गए अन्य निवेशक आर्थिक अपराध शाखा, ठाणे से संपर्क करें।







