नहीं मिला सैलरी और बोनस, हड़ताल पर हजारों श्रमिक, 17 किलोमीटर लंबे डाउन टै्रक की कई साइड पर काम ठप, कटनी ग्रेड सेपरेटर का निर्माण कर रही एलएंडटी की मनमानी चरम पर

कटनी, यशभारत। देश के सबसे लंबे कटनी ग्रेड सेपरेटर का निर्माण कर रही एलएंडटी कंपनी की मनमानी चरम पर पहुंच गई है। ग्रेड सेपरेटर में काम करने वाले कर्मचारियों को न तो समय पर वेतन मिल रहा है और न ही बोनस और पीएफ, जिसके चलते कर्मचारियों ने हड़ताल कर दी है। आलम यह है कि पिछले एक पखवाड़े से काम बंद है। सैलरी, बोनस और पीएफ की मांग को लेकर पिछले कई दिनों से काम बंद हड़ताल पर डटे श्रमिकों को उनका जायज हक नहीं मिल पाया है, जिसके कारण एलएण्डटी और उसकी ठेका कंपनी बीएसी के खिलाफ श्रमिकों का आक्रोश बढ़ता जा रहा है।
एनकेजे स्थित इलेक्ट्रिक लोको शेड गेट के सामने प्रोडेक्शन शेड के हड़ताली श्रमिकों ने जिले में तैयार हो रहे रेलवे के सबसे बड़े ग्रेड सेपरेटर की अन्य साइड पर चल रहे काम को रुकवा दिया है। स्ट्राईक के चलते करीब 17 किलोमीटर लंबे डाउन ट्रेक की अलग-अलग साइड पर श्रमिक हड़ताल पर बैठ गए हैं। किसी ने भी औजारों और उपकरणों को हाथ नहीं लगाया। हड़ताली श्रमिको ने झिंझरी स्थित इनकॉन के कार्यालय में भी धरना दिया। श्रमिकों के बीच एलएण्डटी से पेटी कांट्रेक्ट लेने वाली बीएसी कंपनी के अधिकारी व कर्मचारियों के भागने की अफवाह फैल गई, जिससे श्रमिक सकते में आ गए और जहां बीएसी के अधिकारी रहते हैं, वहां पहुंचे। यहां मौजूद बीएसी के इंचार्ज को देखकर उन्होंने राहत की सांस ली। सूत्रों का कहना है कि श्रमिकों को गुमराह करने के लिए यह अफवाह भी एलएण्डटी के एक बड़े अधिकारी ने उड़ा दी थी।
प्रोजेक्ट में हो रहा विलंब
रेलवे के उपक्रम इरकॉन द्वारा जिले में ग्रेड सेपरेटर का काम एलएण्डटी के माध्यम से कराया जा रहा है। जो शुरुआती दौर से ही लेटलतीफी की भेंट चढ़ गया। करीब 1200 करोड़ की लागत का यह प्रोजेक्ट लगातार विलंब की वजह से वर्तमान में अनुमान लागत 1800 करोड़ से अधिक बताई जा रही है। इसके बावजूद अब हड़ताल के कारण कार्य रुकने की वजह से इस प्रोजेक्ट में लगातार हो रहे विलंब से न तो इरकॉन के जिम्मेदारों को चिंता है और न ही रेलवे के अधिकारियों को ही लेना-देना है। 4-5 साल में पूरा होने वाला यह प्रोजेक्ट साल दर साल विलंब की भेंट चढ़ता जा रहा है।
नहीं सुन रहे कंपनी के अधिकारी
धरने पर बैठे श्रमिक सुमित पटेल, संजय सिंह राजपूत, नीरज पटेल, राम नारायण यादव, लवकेश सिंह परिहार, हरिपाल चौरसिया, सुशील महोबिया, दीपक, खुशाल पटेल, संजय प्यासी, संदीप मिश्रा, अमित सिंह, नीरज झारिया, राम गोपाल यादव, अब्दुल शलीम, रोशन कुमार, आनंद बारी, गौतम कुमार, विनोद चौहान ने बताया एलएण्डटी असिस्टेंट मैनेजर मनौज वानखेड़े से बात करने पर वे हर रोज टाल मटोल कर रहे हैं। इधर बीएसी कंपनी के अधिकारी भी नहीं सुन रहे हैं।
कंपनी ने कहा : फंड का कर रहे इंतजाम
बीएसी कंपनी के साईड इंजार्च अनिमेष सिंह ने बताया कि बोनस का फंड ज्यादा है, जिसका इंतजाम किया जा रहा है। वहीं पीएफ की राशि श्रमिकों के पीएफ एकाउंट में जल्द जमा कराई जाएगी।







