जबलपुरमध्य प्रदेशराज्य

चंगेरी खदान में न बंदूक दिखी न कारतूस, मगर सड़को पर बिछी कीलों से फूट रहे हाइवा के टायर  : अब तक दर्ज हुई 4 एफआईआर 

कोतमा। अनुपपुर जिले की कोतमा थानांतर्गत चंगेरी खदान में जल प्रवाह रुकने व अवैध उत्खनन की शिकायत पर रेत कारोबारियों और स्थानीय भाजपा और कॉन्ग्रेस नेताओ व वाहन मालिकों के विवाद बहस व झड़प में एक तरफ जहां जांच करने पहुंचो मॉइनिंग अधिकारी ईशा वर्मा को ठेकेदार का पक्ष लेकर उचित कार्यवाही न करने के आरोप लगे वही कार्यवाही के दौरान जांच प्रभावित करने व मान सम्मान को ठेस पहुंचाने पर मॉइनिंग इंस्पेक्टर ईशा वर्मा की शिकायत पर युवक कांग्रेस के जिला अध्यक्ष गुड्डू चौहान,ब्लाक अध्यक्ष मनोज सोनी,एनएसयूआई अध्यक्ष रफी अहमद और युवा मोर्चा जिला मंत्री अंकित सोनी,नदीम अशरफी,मंनोज वर्मन,जयप्रकाश पांडे खोडरी नबंर 2 के ऊपर धारा 353,147, 186,500, 506 के तहत कोतमा थाने में शासकीय कार्य में बाधा और बलवा का मुकदमा दर्ज कर लिया गया। वही उक्त घटना के बाद पुनः कोतमा चंगेरी खदान में सोमवार को रेत ठेकेदार के कर्मचारी और रेत सप्लाई में लगे हुए वाहन ड्राइवर रोहिद यादव के बीच टीपी कटाने को लेकर हुई हाथापाई के बाद खदान पहुंचे मनीष गोयनका और शुभम सिंह, आदित्य श्रीवास्तव के बीच गाली गलौज और तू तू मैँ में होने के बाद शाम को थाना शिकायत करने पहुंचने पर पुलिस थाना से महज 100 मीटर की दूरी पर दोनों पक्षो के बीच फिर जमकर विवाद हुआ। जिंस मामले में तीन एफआईआर दर्ज हुई।

 

जिंसमे ड्राइवर रोहित यादव की शिकायत पर रेत कर्मचारी शुभम सिंह व आदित्य श्रीवास्तव पर 294,323,506,34, की धारा लगी वही रेत कर्मचारियों की शिकायत पर मनीष गोयंका, पारस मिश्रा, विजय विश्वकर्मा, शिब्बू, रोहित यादव,राजू खान के साथ एक अन्य पर मारपीट सहित 294,323, 506, 34 धारा अंतर्गत मुकदमा दर्ज कर मामले को विवेचना में लिया गया है। उक्त एफआईआर के बाद मनीष गोयनका नानू पुलिस अधीक्षक से मिले जिसपर कप्तान के निर्देश पर शुभम सिंह, आदित्य श्रीवास्तव पर पुनः एक मामला और दर्ज हुआ।

 

बंदूक से चमकाने की शिकायते और खबरों ने मचाई ग़दर

एक तरफ जहां उक्त मामले में रेत कर्मचारियों के ऊपर आधा दर्जन से अधिक शिकायते दर्ज हुई। वही हर शिकायत में बंदूक से चमकाने कनपटी में कट्टा अड़ा देने की शिकायत हुई जो पुलिस की जांच का विषय है। वही अखबार में छपी खबरों में हथियार की मौजूदगी को लेकर प्रशासन पर ही सवालिया निशान किये गए। जबकि अब तक चंगेरी खदान व ऑटो स्टैंड में तीन बार विबाद की स्थिति बनी घटना स्थल से कई वीडियो फोटो वायरल हुई मगर किसी भी फोटो वीडियो में कट्टा बंदूक नजर नही आई जबकि कट्टा बंदूक से धमकाने की लगातार खबरों से क्षेत्र का माहौल भी खराब हो रहा है साथ ही प्रशासन की कानून व्यवस्था पर सवालिया निशान खड़े हो रहे हैं।

 

चंगेरी खदान मार्ग में कील बिछाने की हुई शिकायत

सूत्रों की माने तो उक्त घटना के बाद चंगेरी खदान मार्ग पर बकायदे चप्पल में कील गड़ाकर सड़को पर बिछाए गए जिससे दर्जनों वाहनों के टायर पंचर हुए। व रेत परिवहन व स्टॉक प्रभावित हुआ जिसकी लिखित शिकायत रेत कर्मचारियों ने थाने में की है। उन्होंने यह बात कही है कि असामाजिक तत्वों द्वारा जान बूझकर चंगेरी गाँव से खदान मार्ग की सड़को पर कीले बिछाई जा रही है व वाहनों पर पथराव करवाये जा रहे हैं जिससे वाहनों को नुकशान हो रहे हैं। व जाम की स्थिति व दुर्घटना की संभावना बन रही है। जिसकी जांच कर उचित कार्यवाही की जाए।

 

खदान प्रभावित करने के लगाए आरोप

रेत कम्पनी के मैनेजर शुभम सिंह ने अपनी बात रखते हुए यह बात कही है कि अनूपपुर ज़िले की कोतमा तहसील में कई दिनों से रेत के व्यवसाय को लेकर घमासान मचा हुआ है। आख़िर यह घमासान क्यों मचा हुआ है ? इस बात को याद करे की रेत के व्यापार को कोतमा में तहसील में एक ही व्यक्ति द्वारा को कंट्रोल कर रखा है । इस व्यक्ति द्वारा पिछले रेत के सरकारी ठेकेदार के जी डेवलपर्स को ब्लैकमेल करके कोतमा की खदान का संचालन अपने हाथ में ले लिया था । खदान का संचालन स्वयं के हाथ में लेने के पश्चात इसके द्वारा योजनाबद्ध तरीक़े से छोटे गाड़ी मालिकों को ख़त्म कर दिया गया और तहसील की सभी साइटों पर रेत की आपूर्ति एवं बिक्री में मोनोपॉली बना ली गई ।

 

आख़िर क्यों खदान नहीं चलाने देना चाहता

कोतमा के रेत किंग का साम्राज्य नई कंपनी के आने के पश्चात हिल गया है । नई कंपनी द्वारा सभी गाड़ी वालों को एक समान व्यवहार किया जा रहा है । इस कारण से रेत किंग की मोनोपॉली को ख़तरा पैदा हो गया क्योंकि छोटी गाड़ी डग्गी वाले भी पनपने लग गये है।

 

रेत किंग के कैसे कैसे पैतरे

रेत किंग को अपने साम्राज्य पर ख़तरा मंडराते देख यह इस कदर उतारू हो गया कि आये दिन ठेकेदार की शिकायत करना और करवाना शुरू कर दिया । जब सब कुछ नियम से लाया गया तो सरकारी अधिकारियों पे आक्षेप लगाना शुरू कर दिया । ठेकेदार का रास्ता रोकने का भरसक प्रयास किया एवं गाँव के लोगो को शराब पिलाकर खदान में लड़ायीं झगड़े करवाना शुरू कर दिया । गाड़ी के निकलने के रास्ते पर कील गड़वाना और ड्राइवरों से गाली गलोच शुरू कर दी ।

 

कोतमा में रेत का भंडारण

कोतमा में कंपनी द्वारा रेत का भंडारण किया जा रहा है । आज के पहले इस व्यक्ति के अलावा कोतमा में कोई रेत का व्यापार नहीं कर पाया है । जिन लोगो ने कोशिश को वो या तो इसके शरणागत हो गये या फिर उनकी गाड़ियाँ बिक गई । इस व्यक्ति के पास स्वयं की साईट पर अवैध रेत के भंडारण करके रखे गये है जो की ये मानसून के दौरान मन माने दाम पर बेचता है। कंपनी द्वारा भंडारण किया जाने से इसको अपना मनमाने दामों पर रेट बेचने का सपना टूटता दिख रहा है ।

 

क्या जनहित के लिए लड़ रहे नेता व ठेकेदार

मामला कुछ भी हो लेकिन आम जनता के बीच यह जनचर्चा चल रही है कि रेत खदान में रेत कम्पनी व स्थानीय नेताओं व पुराने ठेकेदारों के बीच का विवाद जनता के हित के लिए नही अपितु अपनी अपनी व्यवस्था सेटलमेंट करने के लिए है। जनचर्चा यह भी है कि रेत खदान बन्द करवाने के लिए नेता जनप्रतिनिधि आये दिन विवाद कर रहे हैं मगर आम जनता को मंहगे दर पर मिल रही रेत के लिए कोई आवाज नही उठा रहा है। जिससे कहीं न कहीं विवाद की वजह का कहीं से भी जनता से सरोकार नजर नही आ रहा है।

Related Articles

Leave a Reply

Your email address will not be published. Required fields are marked *

Back to top button